बीएचयू में छात्रों के दो गुट भिड़ गए हैं। बीएचयू के हॉस्टल के छात्रों में दो गुट आमने-सामने हैं। चार डिबार्ड छात्रों ने रुया हॉस्टल के एक छात्र को पीटा है। विरोध में रुया और बिरला हॉस्टल के छात्र इकट्ठा हो गए हैं। आपसी लड़ाई में दो हॉस्टल के छात्र आमने-सामने हैं। छात्रों के दोनों गुटों ने एक दूसरे पर पथराव किया और पथराव के बाद कैंपस में अब भारी फ़ तैनात है। तो वाराणसी के बीएचयू में दो गुट आमने-सामने हैं। देख लीजिए यह वीडियो जो सामने आया है वाराणसी के बीएचयू में यह वीडियो सामने आया है और
देखिए पिछले कुछ समय से वैसे अगर आप देखें तो बीएचयू में भी प्रदर्शन लगातार हो रहा था यूजीसी के नए नियम के बाद फिलहाल पथराव के बाद कैंपस में पीएसी समेत पुलिस भी मौजूद है। दो तस्वीरें हम लगातार आपको दिखा रहे हैं। बीएचयू में छात्रों के दो गुटों में मारपीट हुई है। बिरला चौराहे पर भारी संख्या में छात्र पहुंच गए हैं। और जो जानकारी है उसके मुताबिक बीएचयू के रुया छात्रावास में रहने वाले पीयूष तिवारी की बृहस्पति दो बृहस्पतिवार को दोपहर को बिरला छात्रावास में रहने वाले कुछ छात्रों ने पिटाई की। पीयूष की पिटाई की
जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में छात्र बिरला चौराहे पहुंचे। सूचना पर इंस्पेक्टर और बीएचयू चौकी प्रभारी भी फोर्स के साथ पहुंचे। आक्रोशित छात्रों को समझाया गया है। और जमील अहमद हमारे सहयोगी ज्यादा जानकारी के लिए हमारे साथ जमील क्या पूरा यह मामला था? और फिलहाल क्या स्थिति ग्राउंड पर बनी हुई क्या स्थिति पर कंट्रोल पा लिया गया है पूरी तरह से? बिल्कुल देखिए काशी विश्वविद्यालय के छात्रावास जो दो छात्रावास है एक बिरला सी और रुया जो संस्कृत ब्लॉक है इन छात्रावास के दो दो छात्र थे वो पुरानी रंजिश थी पुराने मामले थे इसको लेकर आज
मारपीट हुई है जिसमें एक रुया संस्कृत जो ब्लॉक के छात्र है उसको गंभीर चोट लग गई है और उसको ट्रामा सेंटर में उसका इलाज चल रहा है। फिलहाल यहां पर पूरी तरीके से अगर देखा जाए हालात बिल्कुल सामान्य है और खुद काशी जोन के जो डीसीपी है गौरव मंसवाल वो कमान संभाल हुए हैं और साथ ही डीसीपी क्राइम यहां पर मौजूद है। भारी फोर्स यहां पर मौजूद है। साथ ही पीएससी के जवान यहां पर मौजूद है और काशी विश्वविद्यालय की जो प्रोडियल टीम है वो यहां पर मौजूद है। तस्वीरों में दिखाने की कोशिश करेंगे कि
आप देखिए यहां पर यह बिरला सी छात्रावास के ठीक बाहर यहां पर बाहरी कोर्स मौजूद है और वो लगातार जो अंदर कैंपस में जो छात्र रहते हैं इस हॉस्टल में उनकी बकायदा एक आईडी आईडी चेक की जा रही है आई कार्ड चेक की जा रही है ताकि जो बाहरी छात्र हैं उनको उनकी जानकारी ले सके और उसके बाद उस पर कारवाई की इसको देखते हुए लगातार यहां पर कोर्स मौजूद है और साथ ही साथ आपको बताने की हम कोशिश करेंगे कि ये मामला यह बताया कह रहा है कि जो इललीगल तौर पर जो छात्रावास में
लोग रहते हैं उनके लिए यह कारवाई लगातार चल रही है। खुद डीसीपी ने कहा कि जो लोग यहां पर इललीगल तौर पर रहते हैं उनके द्वारा इस तरह की घटनाएं आम दिन देखने को मिलती है और इसी को लेकर लगातार यहां रेल बोर्ड की टीम और काशी जोन के जो डीसीपी है वो यहां पर मौके पर मौजूद है। वो लगातार छात्रावास में जाकर एक-ए छात्रों का आई कार्ड चेक कर रहे हैं। हम बिल्कुल और कहीं ना कहीं अब देखिए जमील बीएचयू हो या जेएनयू हो या फिर एएमयू हो हमने कई मौकों पर देखा है कि
इस तरह के संस्थानों में छोटी सी बात काफी बड़ी हो जाती है। बहुत ज्यादा जरूरी है कि जो कुछ भी हुआ है उस पर देखा जाए कि आखिरकार ये क्यों हुआ? किन छात्रों की भूमिका थी उन पर एक्शन भी लिया जाए। बिल्कुल लगातार देखिए अभी तक जो विश्वविद्यालय प्रशासन है वो भी साधे हुए [हंसी] था। लेकिन अब जो है जब माहौल खराब होता है तब विश्वविद्यालय को लगता है कि जो विश्वविद्यालय में इललीगल तौर पर जो छात्र आवास में छात्र रहते हैं उनके खिलाफ कारही होनी चाहिए और इसी को देखते हुए आज डीसीपी काशी जोन
के जो गौरव सवाल है उसके साथ बातचीत हुई और बातचीत में ये निर्णय लग गया कि उनको बाहर किया जाए। इसी को देखते हुए की जो छात्रावास है उसमें अभी पोस्ट पहुंची है। पीएससी के जवान पहुंचे हैं। प्रशासन के लोग पहुंचे हैं और एक-एक छात्रों की बकायदा आईडी चेक की जा रही है। जो भी छात्र बाहर निकलना चाह रहे हैं उनको रोका गया कि आप अंदर रहिए। आपकी आईडी चेक होगी उसके बाद ही आप बाहर जा सकते हैं। तो निश्चित तौर पर हमारे साथ इसी बीच ये सीधी तस्वीर हम वाराणसी की ही दिखा रहे हैं
जो बातें जमील कह रहे हैं। देखिए पुलिस फ़ यहां पर पहुंच चुकी है। ये तस्वीरें लगातार हम आपको दिखा रहे हैं और बता दें आपको कि यहां पर अब लगातार जांच भी हो रही है और एक-एक छात्र की जैसा कि हमारे सहयोगी भी बता रहे थे जो आईडी है वो देखी जा रही है और उसके बाद ही उन्हें घुसने के लिए दिया जा रहा है। तो कुल मिलाकर जो प्रिकॉशन है वह जरूर लिया जा रहा है और ऐसी स्थिति दोबारा ना हो उसकी पूरी तैयारी है। जमील कहीं ना कहीं ये जो घटना सामने आई है
इसके बाद सवाल कई सारे उठेंगे। बहरहाल पुलिस प्रशासन की पूरी मौजूदगी और जो बात आप कह रहे थे वो यहां पर नजर भी आ रही है ग्राउंड जीरो पर। बिल्कुल देखिए जिला प्रशासन और विश्वविद्यालय प्रशासन अब पूरे तरीके से एक्टिव मोड में आ गया है और यहां पर जो भी छात्र इललीगल तौर पर रहते हैं उनके खिलाफ कारवाई होगी। यानी कि उनके कमरे सील किए जाएंगे और ये खुद डीसीपी काशी गौरव बंसवाल ने कहा और अब लगातार छात्रावास में जो छात्र रह रहे हैं उनकी बकायदा चेकिंग की जा रही है। उनके आई कार्ड चेक किए
जा रहे हैं। निश्चित तौर पर लगातार महामना की बगिया को इस तरह के लोग बदनाम करने की कोशिश करते हैं और आए दिन इस तरह की घटनाएं होती है। हालांकि कुछ लोगों का यह कहना था कि यूजीसी को लेकर यह मामला बिगड़ा है। लेकिन गौरव सवाल से हमने खुद बातचीत की। उनसे पूछा। उन्होंने कहा कि नहीं यह यूनिवर्सिटी का कोई लेना देना नहीं है। यहां यह पुराना मामला था जो दो छात्रों के बीच में जो पुरानी रंजिश थी इसको लेकर मारपीट हुई है और बिरला सिंह के जो छात्र थे लगभग 10 की 12 लगातार नजर
बना रखिएगा। आगे भी अपडेट लेंगे। शुक्रिया आपका इन तमाम जानकारियों के लिए और जमील की एक रिपोर्ट भी अपने दर्शकों को दिखा दें जरा इस पूरे मामले पर। काशी हिंदू विश्वविद्यालय के दो छात्रावासियों के बीच आज दो गुटों में मारपीट हुई। पुरानी रंजिश बताई जा रही थी और उसके बाद यहां पर मारपीट होने के बाद जो हालात है बिल्कुल अभी फिलहाल सामान्य है और यहां पर भारी पुलिस फ़ मौजूद है। आप तस्वीरों में देखिए यहां पर काशी विश्वविद्यालय के जो सुरक्षा गार्ड है वो यहां पर मौजूद है। उसके अलावा जो बनारस के अलग-अलग थानों की
फ़ यहां पर मौजूद है और तस्वीरों में देखिए गौरव बंसवाल सर हमारे साथ बातचीत करने के लिए। सर किस तरह का यहां पर बवाल हुआ और देखिए अभी छात्रों के बीच में कुछ यहां वाद विवाद हुआ था। रुया हॉस्टल और बिरला हॉस्टल के बीच में। उसी में यह सूचना मिली है कि कुछ अनाधिकृत लोग जो हैं वो यूनिवर्सिटी में आकर के यहां पे उपद्रव कराते हैं। उन्हीं की अभी गिरफ्तारी के लिए यहां पे जो है पुलिस जो है चिन्हित करने के लिए यहां पे आई है और हां यहां पे कुछ चार या पांच छात्र ऐसे
बताए जा रहे हैं जो पूर्व छात्र है और यहां उपद्रव की मंशा से यहां पे आए थे। कुछ लोग का कहना है कि यूजीसी को लेकर विवाद हुआ है। इसके बाद नहीं ये पूर्णता गलत है। यूजीसी वाली बात बिल्कुल गलत है और छोटी सी बात को लेकर के कहासनी हुई थी जो बाद में आगे बढ़ गई और आपस में झगड़ा हो गया। सर अभी क्या होने जा रहा है? अभी यहां पे हम लोग हॉस्टल की तलाशी के लिए जा रहे हैं और जो भी अनाधिकृत रूप से दिखेगा वहां पे तो वहां पे जो चीफ प्रॉक्टर
है उनकी टीम यहां पे सील करेगी उस यानी कि उनको खाली कराया जाएगा। हां सील किया जाएगा उन रूम्स को। देखिए ये थे गौरव वंसवाल जिनका साफ कहना है कि जो भी अनधिकृत तरीके से यहां पर रहते हैं उनको खाली कराने के लिए हम लोग जा रहे हैं। वाराणसी से जमी अहमद इंडिया न्यूज़।