[संगीत] भजे ब्रजे क मंडन समस्त पाप खंडन स्व भक्त चित्त निरंजनम सदेव नंद नंदनम भजे ब्रजे क मंडन समस्त पाप खंडन स्व भक्त चितर रंजन सदैव नंद नंद सु पिछ गुच्छ मस्तक सुनाद वेणु हस्तक सुप गुच्छ मस्तक सुनाद हस्तम अनंग रंग सागर नमामि कृष्ण नागर अनंग रंग सागर नमामि कृष्ण नागर [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] मनोज गर्व मोचन विशाल लोल लोचन विदूत गोप सोचन नमामि पदम लोचन मनोज गर्भ मोचन विशाल लोल लोचन विदूत गोप सोचन नमामि पदम करार विंद भू धरम स्मिता वलोक सुंदरम करर विंद भूधर स्मिता वलोक सुंदरम महेंद्र मान धारण नमामि कृष्ण रणम महेंद्र मान
दारम नमामि कृष्ण वारण [संगीत] [प्रशंसा] [संगीत] [प्रशंसा] कदम सन कुंडलम सुचारु गंड मंडलम प्रजा नक वल्लभ नमामि कृष्ण दुर्लभ पदम सन कुंडल सुचारु गंड मंडल ब्रांग नक वल्लभ नमामि कृष्ण दुर्लभ यशो दया समो दया स गोपया सनं या यशो दया समो दया स गोपया स नंद यतम सुख क दायक नमामि गोप नायकम यतम सुख क दयम नमामि गो [संगीत] नायकम सदैव पाद पंकज मद अमा न से निज धान मुक्त मालक नमामि नंद बालक सेव पाद पंकजम मदीय मान से निज धानु मुक्त मालक नमामि नंद बालक समस्त दोष शोषण समस्त लोक पोषण समस्त दोष शोषण समस्त
लोक पोषण समस्त गोप मानस नमामि नंद लालस समस्त गोप मानस नमामि नंद लालस [संगीत] भो भवा वतार कम भवा करण धारक यशोमति किशोरकुमार [संगीत] रकम नमामि चित्त चोरक दगंल सदा सदा ल संगीम दगंल सदा सदा ल संगीन दिने दिने नवम नवम नमामि नंद संभवम दिने दिने नवम नवम नमामि नंद संभवम [संगीत] गुणा करम सुखा करम कृपा करम कृपा परम सुरत विषन कंदन नमामि गोप नंदनम गुणा करम सुखा करम कृपा करम कृपा परम सुरत वि सिम नि कंदन नमामि गोप नंदनम नवीन गोपना गरम नवीन के निलम पटम नवीन गोपना गरम नवीन के निलम पटम नमामि मेघ
सुंदरम त प्रवाल सटम नमामि मेघ सुंदरम तम प्रवाल सत् पटम [संगीत] समस्त गोप नंदनम हदम बुज क मोदन नमामि कुंज मध्य गम प्रसन्न भानु शोभन समस्त गोप नंदन हदम बु जक मदनम नमामि कुंज मध्य गम प्रसन्न नु शोभन नि काम काम दायक दगंल सायक नि काम काम दयम दगंल सायक रसाल वेणु गायक नमामि कुंज नायकम रसाल वेणु गायक नमामि कुंज नायकम [संगीत] [संगीत] विदग्ध गोपिका मनो मनोज्ञ कल्प शई नमामि कुंज कानने प्रवृत वन्ही पाइन विदग्ध गोपिका मनो मनोज्ञ तल्प शाय नमामि कुंज कानन प्रबुद्ध वन पाय किशोर कांति रंजित दगंल सुशोभित किशोर कांति रंजित द्र गंजन
सु गजेंद्र मोक्ष कारम नमामि श्री बिहारि गजेंद्र मोक्ष कारम नमामि श्री बिहारि [संगीत] [संगीत] यदा तदा यथा तथा थेव कृष्ण सत कथा मया सदैव गी यता तथा कृपा विधि यता यदा तदा यथा तथा तथैव कृष्ण सत् कथा मया सदैव गीता तथा कृपा विधता प्रमाण काटक दव जपत पुमा प्रमाण काटक दवम जपत दित्य पुमा भवे स नंद नंदने भवे भवे सु भक्ति मा भवे स नंद नंदने भवे भवे सु भक्ति मा [संगीत] भजे ब्रजे क मंडन समस्त पाप खंडन स्व भक्ति चितर रंजन सदैव नंद नंदनम बजेक मंडन समस्त पाप खंडन स्व भक्त चितर रंजन सदैव नंद
नंदन सुप गुच्छ मस्तक सुनाद वेणु हस्तम सुप गुच्छ मस्तक सुनाद वेणु हस्तक अनंग रंग सागरमल अनंग रंग सागरमल अनंग रंग सागरमल [संगीत] य [संगीत]