मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 केलिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के
कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है
2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों
ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन
होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग यह 8 से 10 हज क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के
कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक ये जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के
शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसे यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज
कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डायवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य
और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 29 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का
लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत
ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद जी मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के
मिलन स्थल पर प्रन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक
विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भ सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी
लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन करके भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हे भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा
एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग ये आठ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिसेट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है
लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महा शिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें
पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के
लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर
शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के
इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत-बहुत धन्यवाद जी लोगो आपने किया आज यहां पे लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ संतो के साथ बैठक ई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ
जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद जी मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और
सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रात कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के
लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का
लाभ लेते हुए 205 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक
परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आठ से 10 हज
क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक ह में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ
के तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से
अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारिया की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या
लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डायवर्ट करके या बायोमेडिसिन की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता
प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा दो के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत-बहुत धन्यवाद जी आज यहां पे लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था
को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 20225 का लोगो जारी हुआ के सातो के साथ बैठक हुई है संतो के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के इसे भव्य
और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर
प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 20225 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम
प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2000 19 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान
किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन करर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्रधि के द्वारा और भी अन्य
विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा
नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मनि मस्या है बसंत पंचमी है मागी
पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के का भी इस्तेमाल
किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है ये सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्ह डायवर्ट करके या बायो रेमसन की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने
जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आह्वान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा
आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत-बहुत धन्यवाद जी आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है इस्लामिक साहित्य जा रहा संतो के साथ संतों के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक
व्यवस्था के साथ जुड़ी है कुंभ का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही व्यवस्था के साथ जड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 20225 केलिए आयोजित इन बैठकों के
क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितो के
साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 201 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर
आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बनकर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक पर का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और
उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने
देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का
हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसे यहां सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक
बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने
भी ड्रेनेज सेवर है ये सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के
कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत-बहुत धन्यवाद जी आज यहां प लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी
हुआ है के साथ संतों के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कुंभ का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर
पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हनुमान
जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित
और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 205 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के
आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है
यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा लाख से लेकर ढाई लाख कूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हरहाल में सभी
प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 201 2013 के प्र राज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे
पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी
जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेन सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक
स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 19 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत
बहुत धन्यवाद आज य लोग प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रद कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है के साथ संतों के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़े देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कोम का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट
है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के सेे भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रात कालीन सत्र से ही हम लोगों को
प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य
किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ [संगीत] सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और
सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ
की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी
यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 201 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13
जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे
हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मा गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में
इन्हें डायवर्ट करके या बायो रेमसन की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सब का भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी की भी बड़ी भूमिका थी इस
बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद जी आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई
है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कोंब का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के इसे भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद जी मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका
स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 केलिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रात कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर
प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंब भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था
व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में
भागीदार बन करर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर
होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार कूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के
दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को
एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसे यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले
हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डायवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 20199 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ
सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आह्वान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि
प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कोंब का आयोजन इस प्रकार आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत
ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मा गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का
सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ कुं 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बा भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर
की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुपए से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु
जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की
तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर
संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेज लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां
की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तया और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे एसटीएफ में इन्हें डायवर्ट करके या बायोरेस की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज
करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा दो के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक
मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगों भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक
व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और का मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों
के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ
पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर
पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुपए से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त
हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता आज प्रातः कालीन सत्र में हम
लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य दो 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में
कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलो पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसे यहां पर सेवा के लिए लगाई
जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी
और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्ह डायवर्ट करके या बायोरेस की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस समं में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019
के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद जी आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंब का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का
लोगो आज जारी हुआ के साथ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कोंब का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है व संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के इससे भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर
से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद जी मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रात कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की
सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए रा खा खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों
को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुपए से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन
में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों
को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि
15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो
स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी
भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सिवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डायवर्ट करके या डिशन की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि
प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा दो 19 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद
देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत-बहुत धन्यवाद जी आज यहां पे लोगों भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ के साथ बैतो के साथ संतों के साथ बैठक संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक
और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जुड़ कर के भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 20225 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः
कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कूप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न
विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट
को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में ने स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों
ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वाटर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख
से लेकर ई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 201 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो
मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक ये जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति मनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े साज से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसे यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग
देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप
हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेस की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी
भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद जी लोग आपने कि आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है संतो के साथ बैठक
हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कुं का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचा ने का कार्य करेंगे धन्यवाद
मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 केलिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के
कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019
का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने
भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन करर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है
तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न
होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2013 के प्रयागराज कुंब के तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों
पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ
को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और
दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा के कुंभ के प्रयागराज कुंभ केलिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ
है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखि और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही
इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महा कुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मा गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का
सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की
है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था वह एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2000 19 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु
जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय
राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी
में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर
संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान हो पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां
की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है ये सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डायवर्ट करके या बायो रेमस की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धिकरण के दौर शुद्धीकरण से ही
उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है के प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2000 19 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य
आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगों भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है साला संतो के साथ संतों के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ
जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कुंब का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के इस भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक
इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 केलिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 20225 के लिए 13
अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025
के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी
उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग येय आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः
कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा लाख से लेकर ई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बात नहीं है और हम लोगों ने डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक
क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तेहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसे यहां पर
सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही हैं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मा गंगा और यमुना में उस दौरान
ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्ह डायवर्ट करके या बायोरेस की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप
सबका भी आहवान करूंगा दो के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज महाकुंभ प्रयागराज
2025 का लोगो आज जारी हुआ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं हैं और संत इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक
स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 20225 के लिए आयोजित इन ब के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और
लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ
भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुपए से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे
लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे
बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से हज क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर
तक ह हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ के तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है प पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक ये जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान होंगे
पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे शटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही हैं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार
की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मा गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है ये सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ
2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ केलिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन
करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है के साथ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव
में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जुड़ कर के इस भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र
से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 205 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा
महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को
भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों
ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर
अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा
13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक ये जो अलग-अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मनि मस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे
हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे में इन्ह
डायवर्ट करके या बायो रेमस की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार
फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद जी आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है इस्लामिक सा रहा संतो के साथ संतों के साथ बैठक हुई है
संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कुंब का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया
ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 केलिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की करण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन
करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका
एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महा कुं की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुपए से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राजने कों ने भी यहां पर
आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन करर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय
संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आठ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न
होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का 201 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक ये जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य
दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज
कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मा गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सिवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक
भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ
का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ हैतो के साथ बैठक हुई है संतो के साथ त हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है
वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 20225 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में ने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती
के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रात कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी
एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित
हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सास्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी
रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आठ से 10 हज क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग
सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 201 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पोश पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक येय जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे
जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख त्य जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए
भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से
ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य
आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद य प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रद कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ हैतो के साथ बैठक हु है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के सा साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक
व्यवस्था के साथ जुड़ी है कुंभ का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के इसे भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद जी मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित
इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रात कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कूप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 20225 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और
तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी
युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोज में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी
अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वाटर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन
सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वाटर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 201 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से
अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्री 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन प्रमुख र जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर
सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो
इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायो रेमस की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका
भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद जी आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्र कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज महाकुंभ प्रयागराज
2025 का लोगो आज जारी हुआ के साथ बैठक हु है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से
हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 केलिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना
और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी
कुंब भी स्वच्छ सुरक्षित और व्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को राज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने
थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उतर प्रदेश सरकार के साथ साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को
आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हज क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वाटर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि
15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 201 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख जो स्नान
होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी
प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सिवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोमेडिसिन की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रया राज
कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ सा प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता
हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगों था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ सा के साथ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक
आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के इसे भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद जी मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज
प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रात कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न
विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट
को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी य पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृत सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने
यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग येय आ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से
लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 201 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन मुख्य मुख्य
पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी मस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसे यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने
का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मा गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो की तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो
चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हे डायवर्ट करके या बायोरेस की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा दो के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी
बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है संतो के साथ बैठक हुई है संतों के
साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस
मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 20225 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी
और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज
कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभ पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां
पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो
समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वाटर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिसेट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न
होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2000 12 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक ये जो अलग-अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष
अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसे यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के
प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्ह डायवर्ट करके या बायो रेमसन की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर
एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस समं में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा दो के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद जी आज यहां पर लोगो भी
प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है पले में इस्लामिक साहित्य रहा संतों के साथ संतों के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कुंभ का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट
है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को
प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य
किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर
बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की
है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आठ से 10 हज क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां
पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 201 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से
लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक ये जो अलग-अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक पर निगम की बसेज सटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ
के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है ये सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हे डाइवर्ट
करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2000 19 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर
से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगों भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ के साथ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक
हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कोंब का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जड़ कर के भ और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज के इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत
करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर
प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2 19 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना
था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुपए सेध की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन
में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो
स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वाटर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वार्टर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के
दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक येय जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख तहा जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु
को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसे यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के
चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के और शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को
स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संध में मैं आप सबका भी आह्वान करूंगा 29 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद जी आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ
है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा करके प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ है के साथ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कुंभ का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह
संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद जी मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रात कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और
सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में
भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुपए से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया
आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन करर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ साथ केंद्र सरकार के
भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स्तर होता है उस समय लगभग य आ से 10 हजार क्यूसी क्वाटर वहां पर होता है आज प्रात कालीन सत्र में हम लोगों ने देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा दो लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वाटर अभी यहां पर जल है जल को रिसी होने में अभी 10
122 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2000 12 जो 2013 के प्रयागराज कुंब के तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक य
जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मनि अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसे यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप
में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कु को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मा गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम
से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करें यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के के प्रयागराज कुंभ के लिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और
भारत योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्र कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी हुआ हैतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है
कोंब का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत ही इस व्यवस्था के साथ जोड़ कर के इसे भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब्रीफिंग में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं
आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मा गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय बट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रातः कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए 13 अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक
संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था व एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी
है अब तक 5600 करोड़ रुपए से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बना माना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग 100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन कर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और
उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा रहा है यद्यपि जब कुंभ का आयोजन होता है तो समय संगम में जल का जो स् होता है उस समय लगभग ये आठ से 10 हजार क्यूसी क्वार्टर वहां पर होता है आज प्रातः कालीन सत्र में हम लोगों ने
देखा है जल की मात्रा भी लगभग सवा लाख से लेकर ढाई लाख क्यूसी क्वाटर अभी यहां पर जल है जल को रिट होने में अभी 10 12 दिन लग सकता है लेकिन कुंभ की तैयारी में महाकुंभ की तैयारी में फिलहाल कोई बाधा नहीं है और हम लोगों ने एक डेडलाइन दी है कि 15 दिसंबर तक हर हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का
हमारा प्रयास होगा कि एक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्र 26 फरवरी तक य जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पौष पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक
बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने
भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्ह डायवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और दिव्य कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 29 के
कुंभ के प्रयागराज कुंभ के लिए के सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भार के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज
जारी हुआ है के साथ संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन या इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है और इसका मुख्य आयोजक और इसका जो होस्ट होता है वह संत ही होते हैं और संत व्यवस्था के साथ जोड़ कर के से भव्य और दिव्य बनाएंगे और प्रयागराज को एक बार फिर से हम वैश्विक
स्तर पर पहुंचाने का कार्य करेंगे धन्यवाद मैं आज की इस मीडिया ब में आप सबका स्वागत करता हूं आज यहां पर हमें दुनिया के सबसे बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक इवेंट प्रयागराज महाकुंभ 2025 के लिए आयोजित इन बैठकों के क्रम में मैं आप सबका भी हृदय से स्वागत करता हूं आज प्रातः कालीन सत्र से ही हम लोगों को प्रयागराज में आने संगम तट पर मां गंगा यमुना और सरस्वती के मिलन स्थल पर दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ आरती और पूजन करने का भी अवसर प्राप्त हुआ अक्षय भट सरस्वती कोप आदि की सुंदरीकरण की योजना और
लेटे हुए हनुमान जी के कोरिडोर निर्माण के कार्य को भी और दर्शन करने का भी अवसर प्रात कालीन सत्र में हमें हुआ है प्रयागराज कुंभ महाकुंभ 2025 के लिए रा अखाड़ों खाक चौक आचार्य वाड़ा और तीर्थ पुरोहितों के साथ हमारी बैठक संपन्न होने के बाद केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के द्वारा महाकुंभ के लिए कार्य किस रूप में आगे बढ़ रहे हैं इसके बारे में भी एक विस्तृत समीक्षा हम लोगों ने यहां पर की है दिव्य एवं भव्य कुंभ के जो थीम प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2019 में हम लोगों को दी थी कुंभ
भी स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित हो सकता है 2019 का प्रयागराज कुंभ उसका एक उदाहरण बना था एक्सपीरियंस उत्तर प्रदेश टीम के पास है और उस अनुभव का लाभ लेते हुए 2025 के महाकुंभ की तैयारी युद्ध स्तर पर आगे बढ़ चुकी है अब तक 5600 करोड़ रुप से अधिक की प्रोजेक्ट को प्रयागराज को भी भव्य और सुंदर बनाना है 2019 में प्रयागराज की शोभा पर पूरी दुनिया आकर्षित हुई थी लगभग 25 करोड़ 24 करोड़ श्रद्धालु जनों ने प्रयागराज आकर के संगम में स्नान किया था और इतने बड़े आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन में सहभागी बने थे लगभग
100 के आसपास देशों के राज नेकों ने भी यहां पर आकर के इस बड़े आयोजन में भागीदार बन करर के भारत की आध्यात्मिक और समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं का अवलोकन करने का उन्होंने भी उन्हें भी अवसर प्राप्त हुआ था और उसी को और भव्य रूप देने के लिए हम लोगों ने यह कारवाई विभिन्न विभागों ने प्रारंभ की है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार के साथ-साथ केंद्र सरकार के भी रेलवे के द्वारा एयरपोर्ट अथॉरिटी के द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के द्वारा और भी अन्य विभागों के द्वारा मिलकर के बेहतरीन तरीके से अपने कार्यों को आगे बढ़ाया जा
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हाल में सभी प्रकार के कार्य निर्माण के कार्य संपन्न होने के साथ ही कुंभ के दायरे को भी बढ़ाने का कार्य 2012 2013 के प्रयागराज कुंभ की तुलना में इस बार उससे दुगने से अधिक क्षेत्र में कुंभ फैले का हमारा प्रयास होगा कि पीक डे के दिन जो मुख्य मुख्य पर्व है पौष पूर्णिमा 13 जनवरी से लेकर के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी तक येय जो अलग अलग पर्व पड़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख र जो स्नान होंगे पर्व और
त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसे सटल बसेस यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारिया की की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की
कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मा गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सिवर यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डायवर्ट करके या बायोरेमेडीज की पद्धति के माध्यम से हम उसे शुद्धीकरण के दौर शुद्धीकरण से ही उससे डिस्चार्ज करेंगे यह सारी सुविधाएं यहां पर हम लोग देने जा रहे हैं और मुझे पूरा विश्वास है कि प्रयागराज कुंभ 2019 ने
एक मानक स्थापित किया था उससे भी बड़े स्तर पर एक भव्य और कुंभ को स्वच्छ सुरक्षित और सुव्यवस्थित कुंभ के रूप में हमें स्थापित करने में सफलता प्राप्त होगी इस संबंध में मैं आप सबका भी आहवान करूंगा 2019 के कुंभ के प्रयागराज कुंभ केलिए की सफलता में आपकी भी बड़ी भूमिका थी इस बार फिर से अपनी सकारात्मक भूमिका के साथ प्रयागराज को और भारत के सनातन धर्म के इस भव्य आयोजन को वैक मंच तक पहुंचाने में आप सबका सकारात्मक योगदान होगा आप सबको मैं एक बार फिर से धन्यवाद देता हूं आपका अभिनंदन करता हूं बहुत
बहुत धन्यवाद आज यहां पर लोगो भी प्रयागराज महाकुंभ का लोगो जारी हुआ है सर्वसिद्धि प्रदा कुंभ का जो 2019 में यहां का लोगो था उसी व्यवस्था को आगे बढ़ा कर के प्रयागराज जो महाकुंभ प्रयागराज 2025 का लोगो आज जारी के सा संतो के साथ बैठक हुई है संतों के साथ बातचीत हुई है बैठक हुई है और सभी लोग बहुत सकारात्मक भाव के साथ कुंभ के साथ जुड़ेंगे देखिए प्रशासन और शासन की व्यवस्था एक नैतिक व्यवस्था के साथ जुड़ी है कों का आयोजन इस प्रकार के आध्यात्मिक और सांस्कृतिक आयोजन वास्तव में सनातन धर्म के पार्ट है
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के और महाशिवरात्रि 26 फरवरी य जो अलग अलग पर्व पढ़ेंगे जिसमें पोस पूर्णिमा है मकर संक्रांति है मोनी अमावस्या है बसंत पंचमी है मागी पूर्णिमा है और शिवरात्रि है इन छह प्रमुख जो स्नान होंगे पर्व और त्यौहार पड़ेंगे पीक डे के दिन छोड़ कर के शेष अन्य दिनों पर किसी भी श्रद्धालु को एक किलोमीटर से अधिक पैदल ना चलना पड़े 7000 से अधिक परिवहन निगम की बसेज सटल बसेज यहां पर सेवा के लिए लगाई जाएंगी इलेक्ट्रिक बसेस लगाई जाएंगी और भी व्यवस्था यहां पर हम लोग देने का कार्य कर रहे हैं प्रयागराज महाकुंभ के बहाने
एक भव्य और दिव्य रूप में देखने को मिलेगा सुरक्षा के लिए भी बेहतरीन तैयारियां की जा रही है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के टूल्स का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और कहीं भी किसी भी प्रकार की कोई असुविधा नहीं होगी जीरो प्लास्टिक के लक्ष्य को लेकर के प्रयागराज कुंभ को हम लेकर के चले हैं जीरो लिक्विड डिस्चार्ज किसी भी प्रकार का सॉलिड या लिक्विड डिस्चार्ज मां गंगा और यमुना में उस दौरान ना हो इसकी तैयारी और जितने भी ड्रेनेज सेवर है यह सब तक तब तक टेप हो चुके होंगे या एसटीएफ में इन्हें डाइवर्ट करके या
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