आपको शायद बिलीव नो बट बहुत सारे साइंटिस्ट का ऐसा मानना है की कुछ इस प्रकार के म्यूजिक होते हैं जिनको अगर हम हर रोज सुनते हैं केवल 10 मिनट के लिए तो हम हमारी ब्रेन पावर हमारी मेमोरी पावर और हमारी कंसंट्रेशन पावर को भी इंक्रीज कर सकते हैं और यहां पर सोने वाली बात यह है की इस हमें पॉसिबल है और अगर हां तो यह म्यूजिक कौन सी म्यूजिक होते हैं और इन्हें सुना कैसे जाता है म्यूजिक सनोज आप अच्छा फूल करोगे इमोशनल सिस्टम और ब्रेन तू डी ब्रेन देवर परोस और प्रोसेसिंग जस्ट वन एस्पेक्ट
म्यूजिक ऐसी म्यूजिक जिसे प्रोडक्टिविटी दिमाग की बाढ़ जाए अच्छा म्यूजिक सुना ऐसे नहीं अरिजीत सिंह का गाना लगाया हुआ है मुझे छोड़ कर जो तुम जो ट्रेनिंग चेंज योर ब्रेन स्ट्रक्चर की म्यूजिक बहुत मेमोराइजेशन में हेल्प करती है [संगीत] अच्छा छोटी सी एक्टिविटी से चीजों को स्टार्ट करते हैं एक्टिविटी कुछ नहीं है आपकी स्क्रीन के ऊपर एक इमेज ए गई होगी अब बहुत ध्यान से सुना इस इमेज को आपको ध्यान से देखना है अगर आप ध्यान से देख का रहे हो तो आपको दिखे रहा होगा जितनी भी इमेज है इनके अंदर वो रोते हो रही
है की आपको दिखे रहा है हां दिखे रहा होगा बट अब आपको क्या करना है ना एक डॉट पे अपने फॉक्स को कंसंट्रेट करना है मतलब किसी भी इमेज के एक सेंटर पॉइंट पर फॉक्स करो वो जो ब्लैक डॉट आपको दिखे रहा है ना इस पे आपको फॉक्स करना है केवल और केवल 3 सेकंड के लिए करके देखो फॉक्स जब आपने फॉक्स कर तो क्या बाकी इमेज जो रोते हो रही थी वो रोते होना बैंड हो गई अच्छा नहीं हुआ था चलो एक और बात ट्राई करो तीन सेकंड तक फिर से फॉक्स करना और अब
आपको दिखेगा कितनी भी इमेज थी वो रोते होना बैंड हो जाएगी इस बार तो हो गया होगा ना सोच का रहे हो ये हुआ क्यों है ये इसलिए हुआ क्योंकि आपका जो ब्रेन है वो ऐसी इमेज को एनालाइज नहीं कर पता बट जब आपने एक पॉइंट पे फॉक्स कर तो आपके ब्रेन में बहुत इजीली साड़ी इमेज को एनालाइज कर लिया और आपका ब्रेन समझ गया की ये पर्टिकुलर इमेज है कैसी बट मेरा सवाल तुमसे ये नहीं है मेरा सवाल तुमसे ये है की अगर मैं तुमसे यह बोलूं इस इमेज के सेंटर पॉइंट जो जो ब्लैक
पॉइंट है उसे पे आपको फॉक्स करना है तो आप कितने सेकंड तक उसे पॉइंट पे अपने फॉक्स को रख सकते हो कितने सेकंड तक रख सकते हो एक बार ट्राई करें चलो इमेज में आपके सामने ला रहा हूं वीडियो को पॉज कर देना और आपको फॉक्स रहना होगा देखते हैं कितने सेकंड तक आप कर पाओगे जो भी आपका सेकंड निकले वो आपको वीडियो को पॉज करके कमेंट में आंसर लिखना है ये सवाल मैंने तुमसे इसलिए पूछा क्योंकि 90% से भी ज्यादा लोग केवल 10 या तो 15 सेकंड तक उसे पॉइंट पे फॉक्स कर पाएंगे और
शायद आप भी 10 15 सेकंड या तो पांच सेकंड या तो ज्यादा से ज्यादा 20 सेकंड तक फॉक्स कर पे होंगे उससे ज्यादा आप फॉक्स नहीं कर पे हो ऐसा हुआ क्यों इसलिए हुआ क्योंकि हमारी जो फॉक्स पावर है जो कंसंट्रेशन पावर है वो आज के समय पे खत्म हो चुकी है और उसका रीजन तो शायद हम सबको पता है जो की ये मोबाइल फोन बट अगर हम आज से बहुत साल पहले जैन तो एक योग परफॉर्म की जाति थी जी योग के अंदर जो कैंडल की जो क्लेम होती है जो आज होती है उसे
पर 30 मिनट तक फॉक्स किया जाता था तब इमेजिन करो उसे समय पर लोग 30-30 मिनट तक फॉक्स कर लेते थे और आज के समय पर हम केवल 10 15 20 सेकंड तक फॉक्स कर का रहे हैं इसका मतलब यह है की हमारे फॉक्स पावर बिल्कुल खत्म हो चुकी है बट डरने की बात नहीं है आप अपने फॉक्स पावर को अभी भी इंक्रीज कर सकते हो कुछ म्यूजिक्स की मदद से इस म्यूजिक का नाम है 40 शब्द बिनोरियल बिट्स अब इस म्यूजिक की पुरी चीज समझने से पहले इसके पीछे की साइंस समझते हैं उसे साइंस
को समझना के लिए हमें समझना होगा डॉ ऑफ वाइब्रेशन नथिंग मच लो वाइब्रेशन को अगर मैं आसन शब्दों में समझाऊं स्नान भाषा में समझाऊं अगर आप एक साइंस की स्टूडेंट नहीं हो तो आसन भाषा के अंदर डॉ ऑफ वाइब्रेशन ये कहता है जितनी भी इस दुनिया के अंदर जितनी भी चीज हैं वो वाइब्रेट करती है फ्रीक्वेंसी मतलब हर एक चीज की एक फिक्स्ड फ्रीक्वेंसी होती है मतलब ये जो आपकी टेबल है जो आपकी चेयर है ये किस बनी है ये एटम से बनी है एटम वाइब्रेट करते हैं आपको जो दिमाग है वो किस बना है
वो सेल है सेल किस बने आइटम वाइब्रेट करते हैं इसका मतलब इस दुनिया की कोई भी चीज हो वाइब्रेट करती है एक पर्टिकुलर फ्रीक्वेंसी पे चलो इसी को मैं एक छोटे से एग्जांपल से समझता हूं एक सवाल मैं तुमसे पूछता हूं तुम्हारा कोई ना कोई फेवरेट म्यूजिक तो जरूर होगा ना मतलब हम सभी का एक फेवरेट म्यूजिक होता है जो की हमें बहुत पसंद होता है अगर मैं आपसे पूछूं आपका फेवरेट म्यूजिक कौन सा है चलो तुम कमेंट में भी मुझे बता सकते हो अभी बट हर एक इंसान का एक फेवरेट म्यूजिक तो होता ही
है अगर मैं तुमसे यह पूछूं ये आपका फेवरेट म्यूजिक है क्यों बाय तो आपका जवाब क्या होगा की शायद मुझे उसकी लिरिक्स बहुत पसंद है राइट मुझे उसके म्यूजिक बहुत पसंद है राइट बट ये दोनों आंसर बिल्कुल गलत है वो म्यूजिक आपको इसलिए पसंद है क्योंकि उसे म्यूजिक की वाइब्रेशन आपकी वाइब्रेशन से मैच होती है उनके बहुत शौक लगा होगा कंफ्यूज हो गए हो गए ये क्या बात बोल दी वाइब्रेशन मैच कर रही है टेंशन मत लो इसको और आसन एग्जांपल से समझते हैं आपकी स्क्रीन के ऊपर अब एक वीडियो प्ले हो गई होगी इस
वीडियो में अगर आप ध्यान से देख का रहे हो तो ये इंसान अपने गले से कुछ साउंड निकाल रहा है और साउंड से कांच का गिलास टूट सकता है अब आप सोच रहे होंगे क्या ये कोई मैजिक है या फिर इसके पीछे साइन है ऑब्वियस सी बात है इसके पीछे एक साइंस है और ये साइंस है डॉ ऑफ वाइब्रेशन की ये इंसान बेसिकली करके ए रहा है इसको थोड़ा सा साइंटिफिक टर्म्स में समझते हैं ये इंसान अपने गले की मदद से एक साउंड रिलीज कर रहा है और वो जो साउंड है ना उसकी एक पर्टिकुलर
फ्रीक्वेंसी है और जो साउंड की फ्रीक्वेंसी है ना वो जो ग्लास के जो एटम्स हैं ना उनकी फ्रीक्वेंसी से मैच होती है और जब ये दोनों फ्रीक्वेंसी मैच होती है तो वो जो ग्लास के एटम्स होते हैं ना उनकी वाइब्रेशन इंक्रीज हो जाति है और वो टूट जाते हैं अगर मैं इसको और आसन शब्दों में समझाऊं तो डॉ ऑफ वाइब्रेशन ये कहता है की इस दुनिया के अंदर हर एक चीज वाइब्रेट करती है और अगर किसी भी चीज पे एक से फ्रीक्वेंसी का साउंड डाला जाए जी फ्रीक्वेंसी से उसके एटम वाइब्रेट कर रहे हैं तो
उसे बॉडी का वाइब्रेशन भी तेज हो जाता है जैसे की आपने इस वीडियो के अंदर देखा क्योंकि उसे इंसान ने अपने गले से से तू यू कैन सी का साउंड निकाला जिससे की वो जो कांच का ग्लास था उसकी फ्रीक्वेंसी मैच हो गई और उसके वाइब्रेशन इंक्रीज हो गए और वो टूट गई इसी को एक और वीडियो से समझते हैं जैसे की आप इस वीडियो के अंदर देख का रहे होंगे ये एक इंस्ट्रूमेंट है इस इंस्ट्रूमेंट के अंदर हम एक पर्टिकुलर फ्रीक्वेंसी का सेट करते हैं जैसी हम एक साउंड सेट करते हैं तो हो क्या
रहा है ना जितने भी पार्टिकल्स नीचे रखें हुए हैं वो पार्टिकल्स का जो वाइब्रेशन है वो इंक्रीज हो जाता है और वो पार्टिकल मूव करने ग जाते हैं कई हो तुम्हें ये तो समझ ए गया होगा की जो डॉ वाइब्रेशन है होता क्या है बट ये मैं तुम्हें क्यों समझा रहा हूं मैं तुम्हें इसलिए समझा रहा हूं क्योंकि वो जो हमने स्टार्टिंग में बात कर रही थी ना 40 शब्द बाइनोरियल बीड वो भी इसी कॉन्सेप्ट पे कम करती हैं डॉ ऑफ वाइब्रेशन पे ही कम करती है रोग कस और अदर फ्रीक्वेंसी इस डेट एन इंटरेस्टिंग
बट 40 हर्ट्स बैनर क्वालिफिकेशन [संगीत] जैसे की इमेजिन करो आप और फोन लगाते हो और 40 हर्ट्स भाई ने रियल बिट्स के सॉन्ग को अपने एयरफोन में चला लेते हो तो उससे होता क्या है ना अगर आप उन सॉन्ग को ऑन करते हो प्ले करते हो तो मुझे सॉन्ग है ना आपकी ब्रेन की फ्रीक्वेंसी से मैच कर जाते हैं जिसकी वजह से आपकी ब्रेन की कुछ वेव्स जेनरेट होती है और वो जो वेव्स होती है जैसे की कुछ वेव्स का मैं नाम भी आपको बता देता हूं डेल्टा अल्फा बीता इस प्रकार की कुछ वेव्स होती
हैं अब इस कैसे साइंटिफिक टर्म्स के अंदर हम ज्यादा नहीं जाएंगे बट अगर मैं ऊपर ऊपर से समझाऊंगा तो जितनी भी ये जो वेव्स होते हैं जो आपकी ब्रेन से रिलीज होती है ये आपको स्ट्रेस फ्री करती हैं आपको कंसंट्रेटेड करती हैं मतलब बेसिकली ये जो म्यूजिक है कर क्या रहा है ना आपकी जितनी भी स्ट्रेस है आपके दिमाग की इसको रिलीज कर सकता है और आपको कंसंट्रेटेड कर सकता है तो आपको करना कुछ नहीं है आपको युटुब पे जाना है 40 शब्द पिन्यूरल बिट्स में लिंक भी दे दूंगा डिस्क्रिप्शन के अंदर सोंग्स को आपको
सर्च करना है और जब भी आप दे मोटिवेटेड होते हैं इमेजिन करो आज आपका पढ़ने का मां नहीं कर रहा इमेजिन करो आज आपका कोई कम करने का मां नहीं कर रहा आपका कंसंट्रेशन नहीं हो रहा जो की हर एक स्टूडेंट के साथ होता ही है जैसे की मैंने स्टार्टिंग में दिखाए था कितनी बड़ी प्रॉब्लम है की हम चीजों पर कंसंट्रेट नहीं कर पाते ये जो प्रॉब्लम है इसको बहुत सिंपल सॉल्यूशन है कुछ नहीं करना है युटुब पे जो सर्च करो 40 इयर्स बाय म्यूजिक और उसे म्यूजिक को एयरफोन लगा लेना और उसे म्यूजिक को
चलाओ और सुनो केवल 10 मिनट के लिए केवल 10 मिनट के लिए और आपकी जितनी भी स्ट्रेस है जितनी भी आपकी एक्साइड है और जितनी भी आपका जो कंसंट्रेशन आप नहीं कर का रहे ये साड़ी प्रॉब्लम खत्म हो सके हैं बहुत लोगों को शायद ये ग रहा होगा ये जो टेक्निक्स है कोई नई टेक्निक्स है बट ये नई टेक्निक्स नहीं है ये वैदिक टाइम से चली ए रही हैं और आप बहुत साड़ी वेद पढ़ोगे उसके अंदर एक टर्म का आपको लिखा हुआ मिलेगा उसे टर्म का नाम है साउंड ट्रीटमेंट क्योंकि बहुत सालों पहले हुआ करता
था उसे साउंड ट्रीटमेंट के अंदर क्या होता था ना जो पेशेंट होते थे ना जिनको कुछ बीमारियां हो जाति थी उन पेशेंट को कुछ अलग टाइप का म्यूजिक सुनाया जाता था उसे म्यूजिक की मदद से वो जो पेशेंट है ना उसे बीमारी से ठीक हो जाता था तो ये आज की कहानी नहीं है बहुत सालों से चली ए रही है मतलब ये जो 40 हर्स माइनोरियल बीड से नहीं है सच में क करती हैं और आपको यकीन नहीं होता तो मैं बस इतना बोलूंगा अगले 7 दिन जब भी आपको स्ट्रेस फूल हो जब भी आपको
ऐसा लगे की आप मेरा एक कम करने का मां नहीं करना कुछ नहीं करना युटुब पे जाना है वीडियो डाउनलोड करनी है और उसे गाने को सुन लेना है अगर आपको इसके बड़े में और जानना है तो मैं बहुत साड़ी लिंक आपको डिस्क्रिप्शन में दे दूंगा जहां पर आप जितने भी न्यूरो साइंटिस्ट हैं जिन्होंने इसके बड़े में बताया उनकी वीडियो देख सकते हो उनके आर्टिकल पढ़ सकते हो अब जाकर बिल्कुल अपनी रिसर्च कर सकते हो बट एक चीज याद रखना इन म्यूजिक को तभी सुना जब आपको सच में नीड हो ऐसा नहीं है की 24
घंटे एयरफोन लगा के घूम रहे हो और यही गाने सुन जा रहे हो ऐसा नहीं करना है हमें केवल इन्हें तब सुना जब हम सच में डिमोटिवेटेड हैं जब हमारा बिल्कुल कंसंट्रेशन में मां नहीं कर रहा या फिर हमारा पढ़ाई में बिल्कुल मां नहीं ग रहा है तो आई होप की आपको बेसिक टर्म्स में समझ ए गया होगा की ये जो 40 हर्ट्स बाइनोरियल बीड होती हैं क कैसे करती हैं इनके पीछे की साइंस क्या है और ये कैसे आपको बहुत ज्यादा इंटेलिजेंट बना शक्ति हैं कैसे आपकी ग्रीन पावर को इंक्रीस कर शक्ति है तो
आप मर्जी आपकी है रोज केवल 10 मिनट ट्राई करोगे तो शायद आप भी हो जो टॉपर की कैटिगरी है उसके अंदर आने ग जाओगे और दिस नोट शुक्रिया एवरीवन मेरा नाम है प्रशांत अगर आपको वीडियो अच्छी लगी है तो मैं ये तो नहीं कहूंगा की चैनल को सब्सक्राइब करो वो आपकी मर्जी है बट अपने एक दोस्त के साथ इस वीडियो को जरूर शेर कर दें ताकि उसकी भी मदद हो पाएगा ऑन दिस नोट शुक्रिया एवरीवन मिलते हैं नेक्स्ट वीडियो के अंदर