अस्सलाम वालेकुम एंड वेलकम टू अनदर वीडियो। मैं हूं अहमद उमर अख्तर और आप देख रहे हैं द फॉरेक्स गाइड। आज हमारी रिस्क मैनेजमेंट सीरीज का पार्ट थ्री है। यह हमारी आखिरी क्लास है इस सीरीज की। एक दफा मैं फिर से रिपीट कर दूं कि अगर आपकी रिस्क मैनेजमेंट अच्छी नहीं है, आपकी ट्रेड मैनेजमेंट अच्छी नहीं है, तो अच्छी स्ट्रेटजी होने के बावजूद आपका प्रॉफिट बनाना बहुत मुश्किल हो जाएगा। आपकी ट्रेडिंग अच्छी होगी। बजाहिर देखने में आपकी ट्रेड्स, आपके एनालिसिस ठीक काम कर रहे होंगे। लेकिन एट द एंड अगर आप अपने अकाउंट को देखेंगे तो अकाउंट आपका अच्छा नहीं होगा। ठीक है? उसकी वैसी ग्रोथ नहीं होगी। जैसी आपकी होनी चाहिए थी या मुमकिन है प्रॉफिट की बजाय वो लॉस में भी चल रहा हो अच्छी ट्रेड्स के बावजूद उसकी वजह यह होती है कि आपकी रिस्क मैनेजमेंट अच्छी नहीं है। आपकी ट्रेड मैनेजमेंट अच्छी नहीं है। जब तक आपकी देखिए ये मार्केट जो है ना ये सबसे ज्यादा चीज जो चीज मांगती है वो डिसिप्लिन है। किसी भी फील्ड में अगर आपका डिसिप्लिन आपका लैक कर गया। ठीक है? आपने उसको कमजोर कर दिया अपने डिसिप्लिन को तो आपकी ट्रेडिंग में फर्क आना शुरू हो जाएगा। लॉस की तरफ जाना शुरू हो जाएगी। चाहे वो डिसिप्लिन आपकी स्ट्रेटजी में हो, चाहे वो आपके बिहेवियर में हो। ठीक है?
ठीक है? आपकी मार्केट के टाइमिंग में हो या वो आपके रिस्क मैनेजमेंट में हो या ट्रेड मैनेजमेंट में हो। इन सब चीजों में कहीं पे भी डिसिप्लिन में कमी आएगी। आपकी ट्रेडिंग खराब हो जाएगी। तो रिस्क मैनेजमेंट बहुत इंपॉर्टेंट चीज है। इस पे इस पे ग्रिप बनाना बहुत जरूरी है। जो चीजें हम पढ़ चुके हैं अपनी पिछली दो क्लासेस में उनको मैं थोड़ा सा आपको बता देता हूं। इंट्रोडक्शन टू एम्प्टी फाइव। MT5 क्या होता है? ठीक है?
उसका इंटरफ़ेस यानी उसके टूल्स डिफरेंट टूल्स आपस में कैसे कनेक्ट हो के काम करते हैं। यानी जिस तरह ट्रेडिंग व्यू पे आप एनालिसिस करते हैं, ऐसे ही टूल्स वहां भी आपको मिल जाते हैं। लेकिन हम ट्रेडिंग व्यू पे ही एनालिसिस को तरजीह देते हैं क्योंकि इसके जो टूल्स हैं वो पावरफुल हैं। उसके बाद पार्शियल ट्रेड क्लोजिंग ये एक ऐसा टॉपिक है कि जो पुराने ट्रेडर्स जो होते हैं ना जो कहीं से सीख सीखते नहीं है कहीं से। लेकिन उनको काम करते हुए किसी को 2 साल हो गए हैं। किसी को चार हो गए हैं, किसी को एक हो गया। उनको भी पार्शियल ट्रेड क्लोजिंग्स का नहीं पता होता। हालांकि छोटी सी चीज़ है बिल्कुल। ठीक है? तो ये चीज़ के बारे में हमने पढ़ा। पार्शियल ट्रेड क्लोजिंग ये होती है कि आपकी ट्रेड जो है वो एक अच्छे प्रॉफिट में चल रही है। फॉर एग्जांपल 100 200 $200 के प्रॉफिट में चल रही है। तो आप चाहते हैं कि $180 सिक्योर हो जाए। बाकी $20 आपके चलते रहें। वो मार्केट में मूव करते रहें। मुमकिन है वो 20 से 40 हो जाए। 40 से 60 70 80 100 तक वो भी चले जाएं। तो लेकिन जो आपने शुरू में इनिशियल जो क्लोजिंग है आपकी वो आपके अकाउंट में आ जाए। $180 आपके सेव हो जाए। तो उस तरीके से आपको पता होना चाहिए कि पार्शियल क्लोजिंग आपने कैसे करनी है और कितनी करनी है। उसके बाद हाउ टू सेट लिमिट ऑर्डर्स। लिमिट ऑर्डर्स कैसे काम करते हैं जिनको हम पेंडिंग ऑर्डर्स भी कहते हैं। पर्सनली मैं इस हक में नहीं हूं कि ज्यादा लिमिट ऑर्डर्स लगाए जाए। आप खुद मार्केट में बैठे अपने टाइमिंग पे बैठे। अपने सेशन में आके बैठे और जो आपको एविडेंस मिल रहा है उसको कंफर्मेशन के बाद खुद से प्ले करें और खुद क्लोज भी करें। लेकिन कुछ जगहों पे लिमिट ऑर्डर्स बहुत अच्छा काम करते हैं। तो उसके बारे में पता होना जरूरी है। सेल स्टॉप, बाय स्टॉप, सेल लिमिट्स, बाय लिमिट्स वगैरह। उसके बाद हमने पढ़ा कि पिप क्या होता है? पिप को कैसे काउंट करते हैं?
अभी हमने गोल्ड के बारे में पढ़ा है। सिर्फ करेंसी के बारे में मैं अलग से वीडियो बनाऊंगा। लेकिन चकि हमारी जो मैक्सिमम ट्रेडिंग है वो इसी पेयर पे होती है गोल्ड पे। तो गोल्ड का मैंने आपको पिप काउंट करने का तरीका बताया। उसके बाद व्हाट आर डिफरेंट लॉट साइजज़? आपने माइक्रो लॉट साइज के बारे में पढ़ा। मिनी लॉट साइज क्या होती है? स्टैंडर्ड लॉट्स क्या होती है?
इन सब चीजों के बारे में हम पहले पढ़ चुके हैं। आज सबसे इंपॉर्टेंट क्लास है। क्योंकि आज हम असल चीज़ की तरफ आए हैं। वो पहले जो है वो आपकी बेस बनी है। असल चीज़ की तरफ हम आज आए हैं। व्हाट शुड बी आज के टॉपिक जो है वो मैंने साइड पे लिख दिए हैं। व्हाट शुड बी द मैक्सिमम ट्रेड रिस्क? आपके पास एक अकाउंट है। देखिए कुछ लोग जो है ना वह स्टार्ट कर देते हैं काम $30 से, $50 से, $100 से तो वह आपकी प्रैक्टिस के लिए ठीक है। आप उस पे कोई सेंटर अकाउंट बनाएं। छोटा-मोटा अकाउंट कोई चलाएं और अपनी प्रैक्टिस करें। प्रैक्टिस के लिए यह अमाउंट ठीक है। लेकिन अगर आपने काम करना है, इससे कमाना शुरू करना है, तो मेरा मशवरा यह है कि कम से कम आपके पास $1,000 मिनिमम होने चाहिए। यह भी कम है। ठीक है? लेकिन चलें $1,000 मिनिमम हो तो आप अपना स्टार्ट ले सकते हैं। आप उससे कुछ निकाल सकते हैं। महीने बाद आपको कुछ अच्छी अमाउंट एक मिल जाएगी जो आपका खर्चा उठाएगी। तो आपका मैं इसलिए मैं जब बात करूंगा तो मैं कम से कम $1000 की बात करूंगा कि उस पर आप अच्छी रिस्क मैनेजमेंट कर सकते हैं। आपकी ट्रेड मैनेजमेंट उससे अच्छी हो सकती है। पहली चीज यह हो गई। दूसरी चीज हम पढ़ेंगे कि हाउ टू कैलकुलेट रिस्क अमाउंट अकॉर्डिंग टू योर अकाउंट बैलेंस। अब आपका अकाउंट बैलेंस है $200। ठीक है?
तो अब आपने कितना रिस्क लेना है वो चीज हम यहां पढ़ते हैं। मैं आपको रेकमेंड करूंगा कि आप 1% रिस्क रखें। ठीक है? तो आप 1200 का 1% हम कैसे निकालेंगे और कितने डॉलर बनेंगे? इस चीज के बारे में हम पढ़ेंगे। ठीक है?
क्योंकि लोगों का आप फॉर एग्जांपल किसी का बैलेंस है 4300 ठीक है अब मैं उसको कहता हूं कि जी इसका 4300 या आप इस तरह कर लें इसको के आपके पास बैलेंस है जी 4375 का अब आपने इसका 1% निकालना है या इसका 2% निकालना है तो आप कैसे निकालेंगे इस चीज़ के बारे में हम पढ़ेंगे ये चीज़ पता होना जरूरी है। उसके बाद हाउ टू एडजस्ट डॉट साइज़ अकॉर्डिंग टू योर स्टॉप लॉस पिप्स। आपके पिप्स बन रहे हैं 60। आपका स्टॉप लॉस जो है वह 60 टिप्स का है। आपका अकाउंट साइज जो है वह $4375 का है। ठीक है? अब आपने 2% रिस्क लेना है। तो, यह सब चीज़ कैसे कैलकुलेट होगी? बहुत आसान है। लेकिन अगर यह नहीं आती, तो बहुत कॉम्प्लेक्स भी है। लोग इसी में फंसे रहते हैं। आपको मैं बिल्कुल आसान सा फार्मूला एक लिख के दूंगा। उससे आपका जो स्टॉप लॉस के पिप्स हैं, वो आपने काउंट कर लिए, तो आपकी जो जो अमाउंट आपने रिस्क पे लगानी है, वह फ़ौरन से निकल आएगी। कितनी होनी चाहिए?
व्हाट शुड बी द टारगेट रेंज अकॉर्डिंग टू डिफरेंट टाइम फ्रेम्स? इसके बारे में भी हम बात करते हैं। जी। अच्छा अब आते हैं पहले पहली चीज की तरफ। इसको मैं डिलीट कर रहा हूं जो हम पहले पढ़ चुके हैं। आज के टॉपिक्स को मैं यहां पर लिखा रहने दूंगा। आज का जो हमारा पहला टॉपिक है वो है व्हाट शुड बी द मैक्सिमम ट्रेड रिस्क? देखें अगर आपका अकाउंट कम से कम $1000 का है। ठीक है?
वैसे मैं रिकमेंड करता हूं बड़े जो अकाउंट्स हैं ना लोगों के पास फंडेड अकाउंट्स भी होते हैं। पूरी दुनिया से स्टूडेंट्स होते हैं। डिफरेंट अकाउंट्स पे काम कर रहे होते हैं। तो उनके पास फंडेड भी होते हैं। उसकी भी मैं बात करूंगा अब। लेकिन जिनके रियल अकाउंट्स हैं $1000 का अकाउंट है तो मैं यह रिकमेंड करूंगा कि आपका मैक्सिमम रिस्क 1 से 2% तक होना चाहिए। इसके दरमियान रहना चाहिए। ठीक है? ये बल्कि 1/2 ना कुछ समझ ले। 1 से 2% यह आपका मैक्सिमम रिस्क होना चाहिए। यानी अभी मैं आपको तरीका भी निकालूंगा कि आप इसका 1% 2% कैसे निकाल सकते हैं। अच्छा अब यह शायद कुछ लोगों को कम लगे। लेकिन अगर आपको कंसिस्टेंसी चाहिए, आपको सुकून चाहिए ट्रेड के दौरान तो आपका लॉट साइज आपके अकाउंट के हिसाब से होना चाहिए। ठीक है? आपका रिस्क आपके अकाउंट के हिसाब से होना चाहिए। अगर आपने $1000 के अकाउंट पे ट्रेड की है और वो आपकी लॉस हो गया उस ट्रेड में आपको और आपका 1% जो है ना वो $10 बनेगा। $10 उड़ भी गए तो पीछे आपके पास $990 बाकी हैं। ठीक है?
आपके पास बेशुमार मवाके बाकी हैं अभी इसको रिकवर करने के लिए और मज़द कमाने के लिए भी। तो आपको डर नहीं लगेगा। अब अगर आप इसी का 10% रिस्क पे लेते हैं। मैंने आपको वन टू 2% कहा है। कुछ लोग 10% रिस्क पे लगा देते हैं। जी 10% पे क्या होगा कि इसमें से आपका 100 उड़ जाएगा। तो जब आपके 1000 में से 100 उड़ गए हैं ना तो हमें वैसे भी आदत है ज़रब तकसीम करने की। तो 100 को जब आप पाकिस्तानी रुपए से जरब देंगे तो वो जब 28,000 बनेंगे तो आपके होश उड़ जाएंगे एक दफा कि आपने एक ट्रेड में 28, 30,000 उड़ा दिए। ठीक हो गया? और वैसे भी आप अगर ज़रब तक नहीं भी कर रहे तो फिर इसके बावजूद 10% लॉस पर ट्रेड बहुत बुरा लॉस है। ठीक है? आपने एक और ट्रेड लगाई इसके बाद 10% पे खुदा ना खास्ता उसमें भी स्टॉप लॉस हिट हो गया तो $200 तो आपने एक दिन में उड़ा दिए 20% तो आपका एक दिन में उड़ गया अकाउंट का इससे क्या होगा आपकी साइकोलॉजी खराब हो जाएगी बहुत ज्यादा आपको तीसरी ट्रेड में बेइंतहा डर खौफ बैठ जाएगा आपके दिल में उससे फिर क्या होगा कि आप अपनी ट्रेड को टारगेट पे पहुंचे बगैर काट देंगे आपने लॉस तो 200 का कर लिया लेकिन जैसे ही आप ट्रेड लगाएंगे तीसरी ट्रेड उसमें आपको $20 आ रहे होंगे 30 आ रहे होंगे आप काट देंगे कि भ बस इसमें भी लॉस ना हो जाए उसकी वजह यह मेजॉरिटी का यह मसला है कि वह जल्दी काट देते हैं ट्रेड उसकी वजह यह होती है पहले इतने लॉसेस कर चुके होते हैं। बड़े-बड़े ब्लाइंडली ट्रेड्स करते हैं। बहुत ज्यादा ट्रेडिंग करते हैं और लॉट साइज बड़ा होता है। एक एक ट्रेड $ $200 $300 तक उड़ा देती है। फिर स्टॉप लॉस नहीं लगाते। ट्रेड चलती रहती है। $000 का अकाउंट है 600 माइनस में चल रहा है क्योंकि स्टॉप लॉस नहीं लगाया हुआ। तो ऐसा बंदा अगर अपनी आदत नहीं बदलता तो वो जितना जल्दी इस फील्ड से दूर हो जाए उसके लिए उतना बेहतर है। वरना वो सब कुछ बेच बेच के बेच बेच के अपना नुकसान करता जाएगा और खाली होकर बैठ जाएगा। तो उसका अंजाम बहुत खतरनाक और बहुत बुरा होता है। इसलिए आपने यह चीज हमेशा नजर में रखनी है और ध्यान आपने रखना है कि $1000 तक यह मैं ज्यादा रिस्क बता रहा हूं। वन से 2% $1000 तक आपका मैक्सिमम रिस्क 10 एक से 2% यानी 10 से $20 के दरमियान रहे। आपको ना डर लगेगा। मैंने पहले भी एक असूल बताया था के आपका अगर स्टॉप लॉस हिट हो रहा है तो आपको पसीना ना आए ज्यादा। आपको यह ना लगे कि बहुत बड़ा लॉस कर दिया है। ठीक है?
यह असूल है और आपका टीपी हिट हो जाए तो ऐसा ना हो कि आप कहें जी मेरा तो 1 महीने का कवर हो गया है। मैं तो अब ट्रेड करने की जरूरत ही नहीं है। इतनी खुशी भी ना हो। नॉर्मल सा रिस्क लें ताकि आपका स्टॉप लॉस हिट हो जाए। कोई बात नहीं आपका टीपी हिट हो जाए। अच्छी बात है। आपको एक चीज बच गई है। तो बहुत ज्यादा इसमें आपने रिस्क नहीं लेना होता। अगर आपका अकाउंट है 10,000 रियल की बात कर रहा हूं। 10,000 है या इससे बड़ा अकाउंट है तो आप 1% इससे ऊपर ना जाएं। 1% लिमिट है आपकी। 1/2% पे आ जाए। 1/2% का रिस्क ले लें। कोई मसला नहीं है। इसका 1% बहुत ज्यादा बनेगा। अभी हम कैलकुलेट करते हैं कैसे कैलकुलेट करना है। ठीक है जी। तो, यह चीजें आपने अपने ज़हन में रखनी है। जिनके फंडेड अकाउंट है उनको भी मैं तरीका भी बता देता हूं। पहली चीज तो हमारी क्लियर हुई कि हमें रिस्क 1% से ऊपर नहीं लेना। किसी को बहुत शौक है, उसके पास पैसे हैं, तो चले 2% रिस्क पे लगा ले अपना। ठीक हो गया जी। आगे आ जाए। हाउ टू कैलकुलेट कैलकुलेट रिस्क अमाउंट अकॉर्डिंग टू योर अकाउंट बैलेंस। अब मिसाल के तौर पे एक बंदे के पास अकाउंट है $700 का। $700 का। यह उसका अकाउंट साइज है। अब उसने रिस्क मैंने बताया आपने 1 से 2% वह कहता है जी मैं 2% रिस्क लूंगा इस पे 2% रिस्क ठीक है जी तो अब यह कैसे निकलेगा अब इसका तरीकाकार यह है देखिए सबसे पहले ये चीज सीख लें बिल्कुल आसान चीज है आपने क्या करना है आपने यहां पे अमाउंट ये कैलकुलेटर आपने ओपन कर लिया कैलकुलेटर पे आप लिखेंगे 1700 मल्टीप्लाई बाय ज़र्व देनी है आपने इसको टू से टू उसके बाद आप यह बटन प्रेस करेंगे परसेंट और इज़ इक्वल टू ये वाला इक्वल का साइन प्रेस करेंगे तो $34 $34 आप रिस्क पे लगा सकते हैं। समझ आ गई? आपका जब स्टॉप लॉस अगर हिट हो तो उसमें $34 से बड़ा लॉस आपको नहीं होना चाहिए। ठीक है जी। मैं आप मुझे उम्मीद है कि ये स्क्रीन आपको शेयर हो रही है कैलकुलेटर। हां जी हो रही है। बिल्कुल। ठीक है? मैं इसके साथ यहां पे एक दफा लिख भी देता हूं। ये रहा जी 34 यूएसडी। अगर आपका अकाउंट $700 का है उसका 2% $34 निकलेगा। इससे बड़ा आपका स्टॉप लॉस सेट नहीं होना चाहिए। ये रिस्क मैनेजमेंट आपको ये बता रही है। एक और एग्जांपल देख लेते हैं। आपके पास अकाउंट साइज है। मैं इसको डिलीट करता हूं। अच्छा जी। आपके पास जो अकाउंट साइज है वो है $3500 का। $3500 चल ये तो असल में इतना बैलेंस आ तौर पे लोग रखते नहीं है पाकिस्तान में या बाहर। लेकिन चलिए मैं आपको एक छोटी एग्जांपल दे दूंगा। $3500 का आपका अकाउंट साइज है। आप इस पे रिस्क लेते हैं 1% क्योंकि बड़ा अकाउंट है जरा। तो इस पे 1% से ऊपर नहीं जाना। ठीक है?
तो आप कैसे निकालेंगे? देखें इसका तरीकाकार यह है कि आप लिखेंगे $3500 * 1% इज़ इक्वल टू तो $35 ये तो वैसे भी आपको नजर आ रहा है कि $3500 का 1% $35 आएगा। अब मैं कहता हूं कि आप 1. 5% निकालें इसका 1.
5% तो वो कैसे निकलेगा? 3500 * यानी आपने 1. 5% रिस्क लिया है। 1.
5% इक्वल टू तो अब आपका रिस्क हो गया 52. 5 इसी मिसाल को हम आगे लेके चलते हैं कि आपने $52 का रिस्क लेना है। ठीक है जी? मैं यहां पे लिख देता हूं। आपका है 1.
5% इक्वल टू ये आपका बनेगा 52 यूएसडी तकरीबन। यह आपका रिस्क होना चाहिए। अब आगे आ जाए। नेक्स्ट जो हमारा टॉपिक है वो क्या है? जी के अब यह तो आपके पास आपको पता चल गया कि आपने $52 का रिस्क लेना है। अब यह $52 का रिस्क हम एडजस्ट करेंगे अपने लॉट साइज के हिसाब से। तीसरी चीज़ हमारे पास क्या है? जी के हाउ टू एडजस्ट लॉट साइज़ अकॉर्डिंग टू योर स्टॉप लॉस पिप्स। अब पिप्स हमारे पास आ रहे हैं। हमारा स्टॉप लॉस यहां से ट्रेड बनती है। हमने यहां से एंटर हुए हैं इस जगह से। यहां पे हमने स्टॉप लॉस रखना है। फॉर एग्जांपल यह स्टॉप लॉस बन रहा है आपका फॉर एग्जांपल 60 पिप्स का। 60 पिप्स। ठीक है जी?
अब मैंने आपको बताया था कि 60 पिप्स जो है ना जब आप इसको काउंट करेंगे एक मिनट रुक जाए। आप इसको काउंट करेंगे मेयर से। हम यहां से मेयर लेते हैं ये वाला। इसको आपने काउंट किया यहां से यहां तक। ये आपके बन रहे हैं जी इस जगह पे 60 पिप्स। मैं आपको जरा इसको क्लियर करके दिखाता हूं। हां जी। हमारा ये हमने मेजर लिया। इस जगह से हमने काउंट किया। हमारे बन रहे हैं 60 पिप। 60 पिप्स का मतलब क्या होगा? 600 पॉइंट्स। ये आपके 600 पॉइंट्स यहां पे पूरे हो रहे हैं। ठीक है जी? 606 600 यानी यह हमारा स्टॉप लॉस बन रहा है। अच्छा अब 60 पिप्स का स्टॉप लॉस है। हमने नाप लिया अपना स्टॉप लॉस। यहां से हम ट्रेड मेंटेन हो रहे हैं। ये नीचे हमारा स्टॉप लॉस है। वो बन रहा है 60 पिप्स का। तो अब हम कितनी लॉट लगाएं कि हमारा $52 का लॉस हो। इससे ऊपर लॉस ना जाए। तो इसका एक बिल्कुल आसान सा फार्मूला है। पहले मैं आपको फार्मूला लिख के देता हूं। फार्मूला है जी आपका आपने अपनी रिस्क अमाउंट को डिवाइड करना है पॉइंट से। पॉइंट्स कितने आ रहे हैं?
600। 600 पॉइंट्स बनेंगे ना 60 पिप्स के। ये आप पिछली क्लास में पढ़ चुके हैं। तो फार्मूला क्या है? है कि रिस्क अमाउंट मैं आपको यहां पे लिख देता हूं। रिस्क अमाउंट वो बन रही है हमारी कितनी बन रही है? 52। अभी हम इसको चेक करते हैं। इसको आपने डिवाइड कर देना है किससे?
पॉइंट्स से। जितने पॉइंट्स का स्टॉप लॉस बन रहा है। बिल्कुल आसान सा फार्मूला है। ये मैंने आपको लिख दिया है। अब इस पे हम काम करते हैं। हमारा रिस्क अमाउंट कितनी है? $52। ठीक है जी। आप इस पे लिखें 52 यूएसडी $52। इसको आपने तकक्सम कर देना है। पॉइंट्स कितने आ रहे हैं? 600। ठीक है?
ठीक है। इसको हम अभी कैलकुलेटर पे चल के देखते हैं कि कितने बन रहे हैं। 52 तकसीम 600 करें। 52 तकसीम 600 इक्वल टू 0. 086 यानी आप 0. 09 की लॉट तकरीबन लगा सकते हैं। ठीक है?
0. 08 कर लें या 0. 09 कर लें। तो मैं यहां पे वही लिख देता हूं। एग्जैक्ट फिगर जो आ रहा है वो है जीरो 08। ये आपकी लगेगी। ठीक है?
यानी आपकी एट माइक्रो डॉट्स लग सकती हैं इस पे। या आप इसको चलें बढ़ाना चाहते हैं तो नाइन कर लें। चल इससे ऊपर आपने नहीं जाना। अब क्या हुआ कि आपने जब ट्रेड ली थी इस जगह से अब मैं यहां पे वह आपको बना देता हूं। राइट? आपने यहां से ट्रेड में एंटर हुए आप। इस जगह से आपकी ट्रेड एंट्री हुई। ये आपका एंट्री पॉइंट है। ठीक है जी? ये आपका स्टॉप लॉस लगा नीचे। ये आपका एसएल है। ये पिप्स बन रहे हैं टोटल कितने?
60 पिप्स। 60 पिप्स के कितने पॉइंट्स बनेंगे? आपको पता है कि एक पिप में 10 पॉइंट्स होते हैं। तो 60 पिप्स के बनेंगे ये 600 पॉइंट्स। ये आप मेजर से नापेंगे आपको पता चल जाएगा। अच्छा अब आपने कैसे लेना है? आपके पास अमाउंट पहले निकल आई। आपका अकाउंट है $3500 का। आपने रिस्क लेना है $1.
5% वह बन रहा है $52। यानी $52 का स्टॉप लॉस होना चाहिए। पिप्स फ़ौरन काउंट किए वह बन रहे हैं 60 पिप्स यानी 600 पॉइंट्स। आपने क्या किया? आपके पास फार्मूला मैंने लिख दिया है रिस्क अमाउंट डिवाइडेड बाय पॉइंट्स। रिस्क अमाउंट है $52। पॉइंट्स बन रहे हैं 600। डिवाइड कर दें कैलकुलेटर पे। आपके पास जवाब ये आ रहा है 0. 09 तकरीबन। तो अब आप जब यहां सेंटर होंगे, आपका अलॉट साइज़ होगा 0.
09 का। ठीक है? नीचे आपका स्टॉप लॉस लग जाएगा। आपकी ट्रेड चल पड़ी। अब इस पे आपने रिस्क लिया हुआ है 1. 5% अब आप इस पे रिवार्ड कितना लेंगे?
आप 1 भी ले सकते हैं। 1 2 1 3 वो भी हम आगे डिस्कस करते हैं कैसे आपने इसको लेके चलना है। ठीक है जी। उम्मीद है कि यहां तक आपको ये बात समझ आ गई होगी। अगर एक एग्जांपल और देख लेते हैं। छोटे अकाउंट्स के लिए भी। ठीक है? जिनके अकाउंट्स छोटे हैं उनके लिए हम एक एग्जांपल और देख लेते हैं। यह देखिए जी। आपका आपके पास अकाउंट है $525 का या $570 का अकाउंट है आपके पास। मैं यहां पर लिखता हूं। आपका अकाउंट साइज है $570 का। 570 यूएसडी ये आपका अकाउंट साइज है। अच्छा जी। अब आपने इस पे रिस्क लेना है 2%। ठीक है? छोटा अकाउंट है। चलिए आप 3% हम इस दफा 3% को अप्लाई करते हैं। छोटा अकाउंट है ना?
छोटे अकाउंट पे जब हम रिस्क नहीं लेंगे तो बचेगा कुछ नहीं। इस पे आप रिस्क लेते हैं $570 पे 3% तो कैसे निकालेंगे आप? आप लिखेंगे जी 570 * 3% इक्व 17. 1 यानी अगर आप 3% रिस्क लेते हैं देखिए तो मैक्सिमम हद है ना 3% से ऊपर जाना ही नहीं किसी सूरत आपने तो आपका रिस्क बन रहा है $7 का ठीक हो गया जी आप यहां पे लिख लें $17 आपका रिस्क है आई आपका हो गया अकाउंट साइज अकाउंट साइज अच्छा जी $17 आपका रिस्क आ रहा है रिस्क अमाउंट कितनी है आपकी रिस्क अमाउंट है $17 की अब आप पिप्स काउंट करें आपने किसी जगह से ट्रेड ली और उस ट्रेड पे मैं इसको यहां पे बना देता हूं एक ड्राइंग आपको समझ आ जाए। आपने सेल किया जिस जगह से इस कैंडल पे आपने सेल कर दिया। आपकी सब शायद पूरी हो गई है। यहां से आपने सेल कर दिया। आपका स्टॉप लॉस बन रहा है 45 पिप्स का। 45 पिप्स का आपका स्टॉप लॉस बन रहा है। ठीक है जी?
इस चीज को भी हम यहां पे नोट कर लेते हैं। आपका स्टॉप लॉस कितना है? 45 पिप्स का। ये मैं आपको पूरा तरीका समझा रहा हूं। अब छोटे अकाउंट्स के लिए भी। अब आपको 45 पिप्स पे ऐसे स्टॉप लॉस लगाना है। ऐसा लॉट साइज सेलेक्ट करना है कि आपका $7 से बड़ा लॉस ना हो। ठीक है? अब हम क्या करेंगे इसके लिए?
आपको मैंने ये फार्मूला बता दिया है। ये फार्मूला आप यहां पे अप्लाई कर देंगे। फार्मूला क्या है? रिस्क अमाउंट डिवाइडेड बाय पॉइंट्स। अच्छा अब आपने ये देखना है कि 45 पिप्स कितने पॉइंट्स होते हैं। ठीक है? आगे एक ज़ीरो लगा दें। 45 को 10000 देंगे ना तो 450 आ जाएगा। तो 45 50 पॉइंट्स का हमारा स्टॉप लॉस है। 45 पिप्स इसको हम कहते हैं। अब क्या होगा?
देखिए आप इस तरह नाप लें इसको। कहीं से भी नाप लें। ये सेल किया आपने तो ये आपका स्टॉप लॉस ऊपर कितना आ रहा है? 45 पिप्स। 45 पिप्स यहां पे बनते हैं। देखिए 452 तो 450 पॉइंट्स बनेंगे इस जगह पे। अच्छा जी। अब आप आ जाए इस फ़ूले पे। रिस्क आपकी कितनी है अमाउंट? रिस्क अमाउंट है $17। अब हम कैलकुलेटर ओपन करते हैं दोबारा। यह हमारा रिस्क अमाउंट पहले से लिखी हुई है। $7 इसको आप डिवाइड करेंगे पॉइंट्स से डिवाइडेड बाय 450 पॉइंट्स का स्टॉप लॉस है। इज़ इक्वल टू ये आ रहा है जी आपका 0.
037 इसको आप 0. 04 कर लें। ठीक है? आपका 18 17 18 रिस्क आपका रिस्क बन जाएगा। 0.
037 की जगह क्योंकि यह लॉट साइज लगेगा नहीं। तो 0. 04 कर लें आप। हमारा लॉट साइज क्या आएगा यहां पे? 0.
04 लॉट साइज क्या होना चाहिए? 0. 04 यानी चार माइक्रो लॉट्स आप लगाएंगे। अगर आपका स्टॉप लॉस हिट हो गया खुदा ना खास्ता तो आपका सिर्फ और सिर्फ 17 से 18 या 19 इसके दरमियान ही 17 $18 का आपका स्टॉप लॉस हिट होगा। क्योंकि हमने लॉट थोड़ा सा बड़ा किया ना तो $18 भी हो सकते हैं। तो इतना आपका स्टॉप लॉस हिट होगा। आपका अकाउंट बिल्कुल सेफ है। कोई मसला नहीं है। 2 3% छोटे अकाउंट पे 2 3% इसलिए लेना पड़ता है कि अगर इस पे हम 1% पे आ गए तो आपका $5 का स्टॉप लॉस लगेगा। $8 आपने कमाए होंगे वह भी अच्छा है। लेकिन लोग नहीं रुकते इस पे। इसलिए मैं थोड़ा सा बड़ा अभी बता रहा हूं कि 3% भी रिस्क लिया तो आपका मैक्सिमम $17 उड़ेगा। बाकी पूरा अकाउंट आपका सेव है। ठीक है?
फिर आप उस पे मजीद काम करके उसको ग्रो कर सकते हैं। अगर आपकी स्ट्रेटजी अच्छी है जिस स्ट्रेटजी पे मैं काम करता हूं या मेरे स्टूडेंट्स काम करते हैं उसका जो सक्सेस रेशियो है वो बहुत हाई है। ठीक है? 90 95% से भी ऊपर जाके वो काम करती है। तो उसमें अगर आप इस छोटे रिस्क के साथ 1% 2% 3% पे काम करते हैं तो आपका अकाउंट बहुत जल्दी ग्रो करेगा। क्योंकि उसमें हम डेली तकरीबन हमें डेली ट्रेड मिलती है। उसमें हम शाम को आते हैं दो-तीन ट्रेड्स लाजमी करके उठते हैं। बहुत कम कोई दिन ऐसा होता है कि हमें ट्रेड ना मिले किसी दिन हमारे सेटअप पे ना बन रही हो। तो ऐसे दिन मार्केट में आते रहते हैं। सबर भी करना चाहिए। अच्छा अब हम बात करेंगे कि इसी तरीके से जिनके फंडेड अकाउंट्स हैं। ठीक है? वो क्या कर सकते हैं। उसके लिए तरीका यह है कि स्ट्रेटजी तो आप लोग जाहिर है जो फंडेड मेरे साथ जो दुनिया भर से जो लोग साथ हैं उनमें जो लोग फंडेड पे काम करते हैं उनको मैं ये तरीका बताता हूं कि आपके पास जो रिस्क आपके पास है ना परसेंटेज आपके अकाउंट की। आमतौर पर जो लोग काम करते हैं फंडेड पे उनको पता है कि अगर आपका $1 लाख का अकाउंट है तो उसमें आपके पास पर डे जो रिस्क लिमिट होती है या ड्रॉ डाउन लिमिट होती है वह 5% होती है। यानी यह बनता है आपका 5000 5000 आप एक दिन में लॉस 5000 से कम कम कर सकते हैं। तो उसमें क्या होता है?
मैं यह रिकमेंड करता हूं कि जिन्होंने अकाउंट पास करना है वो ये करें कि अपना 2% रिस्क पे लगाएं। जब आपका हाई प्रोबेबिलिटी सेटअप कोई बन गया है। हाई प्रोबेबिलिटी सेटअप बन गया। आपका क्लाइमेटिक पावर्स बन गई हैं और जो हमने सिनेरियोस पड़े हुए हैं उनमें जो हाई एक्यूरेसी सेटअप है वो बन चुका है। तो आप क्या करें? 2% रिस्क ले लें इस जगह से अपने अकाउंट का 2% 2% इसका 2000 बनता है। 1 लाख का जो है ना वह 2000 बनता है। तो 2% रिस्क लें यानी $2000 का आपका स्टॉप लॉस लगेगा और इसका जो रिवार्ड है वो आप 4% लें या आप 3% भी करेंगे तो बहुत अच्छा है। ठीक है? यानी $2 का आपने रिस्क पे लगाया है। $3000 आपको आ रहे हैं। आप ट्रेड से आउट हो जाए। अब यह जो रेंज होती है ना मैं टारगेट इसकी अभी आखिरी तरफ मैं आऊंगा आखिरी चीज़ पे कि क्या रेंज होनी चाहिए आपकी?
टारगेट रेंज। तो जो लोग वीएसए पढ़ते हैं, वह जानते हैं कि वीएसए में जो हमारा टारगेट्स होते हैं ना विद द ट्रेंड, वह यह होते हैं कि आपका यह ट्रेंड चल रहा है। आप इस जगह सेंटर हो गए हैं। तो इसका पहला और मिनिमम टारगेट जो है वो यह होगा प्रीवियस हाई। जहां तक मार्केट हाई लगा के आई है अपने स्ट्रक्चर पे विद द ट्रेंड। वहां तक प्राइस को दोबारा जाना होता है। बीएसए में यह बहुत ही अहम चीज़ अहम कानून है। तो, यहां पे अगर आपने 2% रिस्क ले लिया, इस जगह पे आपको अच्छी ट्रेड अच्छी जगह से मिल गई है, तो यह आपका आराम से 34% आराम से इस जगह पे आपको आता है। दो से तीन ट्रेड्स आपका अकाउंट पास करती है। और यह मैं ऐसी कोई बात नहीं कर रहा। आप अगर हमारे ग्रुप में आए हैं देखें तो बहुत से लोग भी बात करते हैं कि उन्होंने किसी ने कोई 3 दिन में अकाउंट पास कर रहा है, कोई चार दिन में कर रहा है, कोई 6 दिन में कर रहा है, तो लोग इस तरह करते हैं। ठीक है? तो यह चीज आप देख सकते हैं वहां पे। अच्छा उसके अलावा टाइम फ्रेम के हिसाब से आपने कैसे अपना रिस्क मैनेज करना है जो लोग लाइव पर काम करते हैं या फंडेड पर काम करते हैं यह चीज उनको भी काम आएगी क्योंकि आपके पास डिफरेंट टाइम फ्रेम्स होते हैं। मैं अब यहां पे लिखता हूं ये आखिरी चीज है आज की। मिसाल के तौर पे आप काम कर रहे हैं 1 मिनट पे। तो इसमें समटाइ्स जब हमारा हाई प्रोबेबिलिटी सेटअप बनता है ना ऐसा सेटअप जिस जिसको मैं हाई प्रोबेबिलिटी सेटअप कंसीडर करता हूं जिसकी एक्यूरेसी बहुत ज्यादा 95% से अबव है उस पे आपने जब हम जिस तरीके से काम करते हैं मैं उस पे थोड़ा सा एक्स्ट्रा रिस्क लेता हूं। ठीक है? क्योंकि वो हाई प्रोबेबिलिटी सेटअप है। उसके चलने के चांसेस बहुत ज्यादा हैं। तो क्यों ना थोड़ा सा एक्स्ट्रा रिस्क लेके उस पे ज्यादा कमा ले बंदा। तो उसमें फिर ये करना होता है कि आपने अब ट्रेड तो ले ली। तो 1 मिनट की जो रेंज है वह 15 से 20 पिप्स की होती है। आपने 1 मिनट पे सेटअप पकड़ लिया है तो 15 पिप्स ही करें। आप इसको सेफ साइड पर रहें। तो 1 मिनट के सेटअप पे 15 पिप्स पे जब आपकी ट्रेड पहुंच गई है तो आप उसमें पार्शियल क्लोजिंग कर लें। पार्शियल क्लोजिंग का मतलब यह है आपने इस जगह से ट्रेड एंट्री ली। यहां से आप एंटर हुए। प्राइस आपकी 15 पिप्स ऊपर चली गई है। नीचे आपका स्टॉप लॉस है। 15 पिप्स ऊपर चली गई है। ये 15 पिप पे आ गई है। तो यहां पे आपने क्या करना है कि अपना जो ओवर रिस्क किया था ना आपने ट्रेड को जो एक्स्ट्रा रिस्क लिया था। अब फॉर एग्जांपल आप लेते हैं 1% रिस्क। लेकिन इस हाई प्रोबेबिलिटी सेटअप पे ये जो आपका बहुत अच्छा सेटअप बना है इस पे आपने रिस्क कर लिया अपना 4% फॉर एग्जांपल तो आपने ये जो ऊपर वाले 3% है ना 1% तो आपने लेना ही था जो एक्स्ट्रा 3% आपने इसमें रिस्क ऐड किया हुआ है उसको यहां पे क्लोज कर दें ठीक है ये आपने कमा लिया इस ट्रेड से एक बहुत अच्छा रिवार्ड ले लिया 3% जो एक्स्ट्रा आपने रिस्क लिया था बाकी रह गया 1% अपने ट्रेड को करें ब्रेक इवन बेशक ठीक है अगर आप नहीं भी करेंगे आपका स्टॉप लॉस हिट हो गया फिर भी आपको लॉस नहीं अप होगा क्योंकि आपने एक बड़ी अमाउंट पहले यहां से निकाल ली है यहां तक आपने पार्शियल क्लोजिंग अपनी कर ली है इस जगह पे आपको एक बहुत अच्छा प्रॉफिट आ चुका है। बाकी आपका स्टॉप लॉस जगह पे लगा भी रहे फिर भी ठीक है। अदरवाइज़ आप इसको ब्रेक इवन कर दें फिर भी ठीक है। यह जो 1% है इसको चलने दें। इसको कहां तक चलने देंगे?
क्योंकि आप ट्रेड करेंगे विद द ट्रेंड अगेंस्ट द ट्रेंड मैंने कभी ना रेकमेंड की है ना खुद की है। तो आपका जो भी ट्रेंड चल रहा है प्राइस अपने प्रीवियस हाई तक आए तो यहां पे आप इसकी पार्शियल क्लोजिंग मज़द करना चाहें कर दें। फुल ट्रेड भी क्लज़ करना चाहें कर दें। ठीक है? तो, यह तरीकाकार होता है पार्शियल क्लोजिंग का। अब 1 मिनट का मैंने आपको तरीका बता दिया कि 1 मिनट पे आपने कितने पिप्स लेने हैं? 15 पिप्स की आपकी रेंज होती है। इसको हम आगे चला के देखते हैं। आप आ जाएं 3 मिनट्स पे तो ये भी आप इसको 20 टिप्स तक ले जाएं। ठीक है?
यहां पे आके पार्शियल क्लोजिंग करें। बाकी को चलने दें टारगेट तक। टारगेट क्या है? मैंने आपको बता दिया। प्रीवियस हाई या प्रीवियस लो। ठीक है? या फिर कोई स्ट्रक्चर लेवल। यह आपके जो है ना टारगेट्स होते हैं। उसके बाद आप आ गए 5 मिनट पे। तो 5 मिनट पे आपका जो पिप्स हैं वह तकरीबन 30 होते हैं। 25 टू 30 पिप्स। 25 टू 30 पिप्स का आपका टारगेट हो तो वो बहुत अच्छा सेफ टारगेट रहता है। यहां पे आप अपनी मैक्सिमम क्लोजिंग कर लिया करें। अच्छा उसके बाद बल्कि आप इसको ना मैं क्योंकि जाहिर है पब्लिक होगी वीडियो तो मैं इसको आपको सेफ जो टारगेट्स हैं वो बताऊंगा। बिल्कुल। उसके बाद आपका 15 मिनट आ गया। 15 मिनट पे आप जाने दें 30 से 40 पिप्स। 40 पिप्स कर लें। यह सेफ होता है। 35 से 40 कर लें। 35 टू 40 पिप्स इसका सेफ टारगेट है। 15 मिनट इतना आपको आराम से देगा। यहां पर आकर आपने एक्स्ट्रा जो आपका रिस्क था वह खत्म कर दें। जो नॉर्मल ट्रेड है उसको चलने दें। मैं जो हमारे साथ ट्रेड करते हैं वो जानते हैं कि मैं कभी भी पूरी ट्रेड क्लोज नहीं करता। अक्सर मैं समटाइम्स ऐसा हुआ है कि 100 पिप्स पे जाके मैंने 80% 90% क्लोजिंग की है। जो उससे मैंने कमाया है उससे ज्यादा जो बाकी रिमेनिंग 10% छोड़ दिया था उसने दिया है। ठीक है?
बेशक वो मैं लूं या ना लूं। हमारे स्टूडेंट्स जानते हैं कि सम टाइम्स मेरी ट्रेड 500 700 पिप्स प्रॉफिट में चल रही होती है। मैं काटता नहीं हूं। तो किसी टाइम पे आके वो नीचे आके मेरा जो ट्रेडिंग स्टॉप होता है वह हिट कर देती है। बहाल बताना यह चाह रहा हूं मैं आपको कि कुछ ना कुछ ट्रेड को लाजमी छोड़ा करें और लॉस में नहीं छोड़ना कभी भी। यह बात याद रख लें। सिर्फ प्रॉफिट की बात कर रहा हूं। जैसे ही लॉस में ट्रेड गई है फौरन कट आपका स्टॉप लॉस हिट होना चाहिए। बेसिकली स्टॉप लॉस नहीं भी लगाया हुआ भूल गए हैं। कोई मसला हो गया है। जैसे ही लॉस देखते हैं उससे बाहर निकले हैं। वो लॉस खत्म होने वाला नहीं होता। वो फिर बढ़ता जाएगा। बढ़ता जाएगा। आपकी वो जान नहीं छोड़ेगा। हां, प्रॉफिट में ट्रेड चल रही है। अच्छी बुकिंग कर लें। उस ट्रेड से फायदा उठाएं। छोटी सी 10% 20% 15% जो आपकी लॉस साइज है उसको छोड़ दें। उसको चलने दें। वो समटाइ्स हजारों पिप्स आपको दे जाएगी। उसके बाद आगे आ गया जी 30 मिनट टाइम फ्रेम। इससे ऊपर हम फिर ट्रेड एंट्री करते नहीं है। ठीक है जी। 30 मिनट में आप ले लें अपना 60 पिप्स तक कर लें। 1 ऑवर में आप 100 पिप्स तक चले जाएं। 1 ऑवर में आप 100 पि्स तक भी अपना प्रॉफिट ले सकते हैं। ठीक है? 100 पिप्स मिनिमम है। वन ऑवर का अच्छा सेटअप, हाई प्रोबेबिलिटी सेटअप आपको लाजमी 100 पि्स देता है। उसके बाद फिर वह फेल हो या आगे ना चले तो और बात है। तो ये आपके टाइम फ्रेम के हिसाब से लॉट साइजज़ हैं। और सॉरी टाइम फ्रेम के हिसाब से आपके टारगेट्स हैं। ठीक है?