अमेरिकन प्रेसिडेंट जॉन एफ केनेडी की एसासिनेशन एक ऐसे मौके पर हुई जब वो अपने हाईली सिक्योर्ड मोटर केड में बैठकर डैलस डाउन टाउन से गुजर रहे थे उस वक्त उनके साथ सीक्रेट सर्विस के एजेंट्स और एक पूरा पुलिस का मोटर केड मौजूद था ना सिर्फ इतना बल्कि एफबीआई ने कई दिन पहले से इस पूरे रूट पर नजर रखी हुई थी लेकिन इस सब के बावजूद 22 नवंबर 1963 को उन पर डीली प्लाजा के करीब हमला हुआ और वह मौके पर ही मार दिए गए इस हमले के चंद मिनटों के बाद ही सीआईए एफबीआई सीक्रेट सर्विस
और पुलिस ने हलचल मचा दी लेकिन इतनी ताकत लगाने के बावजूद भी वो एक ली ओसवर्ल्ड नामी शूटर के सिवा किसी और को कानून के दायरे में नहीं ला सके या फिर लाना ही नहीं चाहते थे क्या यह कोई सोची समझी साजिश थी या फिर एक अकेले ही शूटर ने दुनिया की टॉप सीक्रेट एजेंसीज को चकमा देकर सबसे फेमस प्रेसिडेंट को सिर्फ चंद मीटर्स की दूरी से शूट किया यह ऑफिशियल स्टोरी किसी को भी हजम नहीं हो रही थी प्रेसिडेंट को एयरपोर्ट से जिस बैंकट तक जाना था उसका सीधा सादा फास्ट रूट भी मौजूद था
लेकिन उनके मोटर केड को शहर के बीच में से क्यों लाया गया और यह रूट किसने प्लान किया था ऑफिशियल जिस शख्स ने उन पर गोली चलाई थी यह कोई कोइंसिडेंस था या फिर प्लानिंग पर हकीकत यह है कि सिर्फ एक महीने पहले ही उसको बुक डिपॉजिटरी में सिर्फ एक फोन कॉल पर नौकरी मिली थी पर आखिर कैसे शूटिंग सीन की वीडियो फुटेज में स्कार्फ पहने इस लड़की को मर्डर की फोटोग्राफ खींचते देखा गया था उसको आज तक क्यों नहीं ढूंढा जा सका और उसका इस सब के साथ क्या कनेक्शन था जम टीवी के वीडियोस
में एक बार फिर से खुशामदीद नाजरीन आज 22 नवंबर 2023 है लेकिन पूरे 60 साल पहले आज ही के दिन अमेरिकन प्रेसिडेंट जॉन एफ केनेडी को उनके मोटर केट पर हमला करके मार दिया गया था प्रेसिडेंट जेएफ के की मौत जहां लाखों अमेरिकंस को शोग में धकेल गई वहीं इस केस में होने वाली इन्वेस्टिगेशन लोगों के ढेर सारे सवालात का जवाब देने में नाकाम रही है ऐसा माना जाता है कि यूएस की टॉप सीक्रेट एजेंसीज ने एसासिनेशन के हवाले से बहुत कुछ छुपाया है और हकीकत को पब्लिक नहीं किया और ऐसा सोचे जाने के बहुत
सारे रीजंस हैं जिनमें पहला है वेन्यू की सिलेक्शन जहां प्रेसिडेंट को असल में जाना था प्रेसिडेंट जेएफ के को टेक्सस के शहर डलस में एक पॉलिटिकल स्पीच करनी थी जिसके लिए दो ऑप्शंस रखे गए थे एक था ट्रेड मार्ट और दूसरा वेन्यू था वूमेंस बिल्डिंग वाइट हाउस की रिकमेंडेशन थी कि वूमेंस बिल्डिंग का वन्यू सेलेक्ट किया जाए लेकिन टेक्स के गवर्नर जॉन केनली चाहते थे कि प्रेसिडेंट ट्रेड मार्ट पर जाएं इसकी वजह यह थी कि ट्रेड मार्ट एक बैंक्वेट हॉल था जबकि वूमेंस बिल्डिंग का इंटीरियर इस काबिल नहीं था कि वहां प्रेसिडेंट जा सके फाइनली
14th नवंबर को यानी एसिनेट से 8 दिन पहले ट्रेड मार्ट का वेन्यू सेलेक्ट कर लिया गया लेकिन यह खबर पब्लिक नहीं की गई थी अब बारी थी यह डिसाइड करने की कि लव फील्ड एयरपोर्ट से जहां प्रेसिडेंट के जहाज को लैंड करना था वहां से ट्रेड मार्ट तक कैसे जाया जाए अब नॉर्मली प्रेसिडेंशियल मोटर केड्स को ऐसे रूट से गुजारा जाता है जहां रुकावटें या टर्न्स कम से कम हो ऐसा ही एक रूट था भी जो शहर को बायपास करके बाहर बाहर से ही प्रेसिडेंट को ट्रेड मार्ट तक पहुंचा सकता था लेकिन उसको सेलेक्ट नहीं
किया गया बल्कि शहर के अंदर से स्कूल बुक डिपॉजिटरी जहां से शूटर ने प्रेसिडेंट पर हमला किया था उसके बराबर से गुजरने का रूट सेलेक्ट किया गया अगर आपको लग रहा है कि यह रूट खास प्रेसिडेंट पर हमला करने के लिए प्लान किया गया था तो आप गलत हैं जी हां ऐसा प्रेसिडेंट की खुद की फरमाइश पर किया गया था क्योंकि वह लोगों के हजू के बीच से गुजरना चाहते थे लेकिन अगर मान लिया जाए कि ट्रेड मार्ट के वेन्यू के बजाय वूमेंस बिल्डिंग को सेलेक्ट किया जाता तो फिर प्रेसिडेंट का मोटर केड इस मेन
रोड से होता हुआ ईस्ट की तरफ जाता इससे बुक डिपॉजिटरी का फासला भी बढ़ जाता और शूटर को निशाना लेने में भी मुश्किल होती क्योंकि प्रेसिडेंट की वाइफ फर्स्ट लेडी जैकलीन जो कि हमेशा उनके लेफ्ट साइड प बैठती थी व शूटर और प्रेसिडेंट के बीच में आ जाती 100 बातों की एक बात प्रेसिडेंट की एसासिनेशन की प्लानिंग में ट्रेड मार्ट की वन्यू का सिलेक्ट होना बहुत जरूरी था और जैसा कि आपने जाना यह सिलेक्शन टेक्सस के गवर्नर जॉन केनली ने की थी उनकी इंटेंशंस पर शक इस वजह से नहीं किया जा सकता क्योंकि जिस वक्त
प्रेसिडेंट पर हमला हुआ तो वह खुद भी प्रेसिडेंशियल लिमोजिन में अपनी बीवी के साथ बैठे थे उनको भी गोली लगी थी लेकिन उनकी जान बच गई और दूसरा यह कि गवर्नर कैनोली पहले से ही इस रूट के खिलाफ थे वह चाहते थे कि शहर के बाहर बाहर से ही ट्रेड मार्ट तक पहुंचा जाए पर कोई तो था जो इन सब चीजों की बहुत पहले से कैलकुलेशंस करके बैठा था प्रेसिडेंट का मोटर केड और वन्यू उनकी एसासिनेशन से सिर्फ -4 दिन पहले पब्लिक किया गया था यानी इससे पहले यह इंफॉर्मेशन किसी को भी मालूम नहीं थी
पर स्कूल बुक डिपॉजिटरी में दो महीने पहले कुछ ऐसा हुआ था जिससे यह जाहिर होता है कि यह इंफॉर्मेशन पहले से ही किसी के पास थी जी हां ठीक 2 महीने पहले स्कूल बुक डिपॉजिटरी में अचानक स्टाफ की शॉर्टेज हो गई सितंबर 1963 में वासले फ्रेजियर नामी एक शख्स को एंप्लॉयमेंट एजेंसी की तरफ से कॉल आती है जिसमें उनको बुक डिपॉजिटरी में जॉब की ऑफर दी जाती है वासले फ्रेजियर आधे घंटे की दूरी पर इर्विंग नामी एक टाउन में रहता था वह अगले ही दिन 13 सितंबर को बुक डिपॉजिटरी में में पहुंचा और उसको वहां
के सुप्रिडेंट रॉय ट्रूली ने हाथों हाथ हायर कर लिया एक महीने के बाद यानी 15 अक्टूबर को वासले के पड़ोसी ने भी बुक डिपॉजिटरी के सुपरडेंट को फोन पर अप्रोच किया और इत्तेफाक देखें कि अगले ही दिन उसको भी हायर कर लिया गया वासले का पड़ोसी कोई और नहीं बल्कि ली ओवर्ड ही था जिसको 39 डेज के बाद प्रेसिडेंट जेएफ के के मर्डर के केस में अरेस्ट किया जाना था ली ओसवर्ल्ड के पास ड्राइविंग लाइसेंस ना होने की वजह से वह रोजाना आउटबैक नहीं कर सकता था इसी वजह से उसने डैलस में ही एक रूम
रेंट पे ले लिया वो वीकेंड्स पर वासले के साथ ऑफिस टाइमिंग्स के बाद इर्विंग में अपने घर जाता और मंडे सुबह को वासले के साथ ही वापस बुक डिपॉजिटरी पहुंच जाता था करीब एक महीने तक यह रूटीन चलता रहा लेकिन प्रेसिडेंट की एसिनेट से सिर्फ एक दिन पहले यानी 21 नवंबर को यह रूटीन टूट गया 21 नवंबर को थर्सडे के दिन ही ली ओसवर्ल्ड वासले के साथ अपने घर इर्विंग चला गया क्योंकि उसका कहना था कि वो इस वीकेंड को डैलस में ही रहेगा अगली सुबह फ्राइडे को जब ओसवर्ल्ड वासले के साथ ऑफिस जाने के
लिए घर से बाहर निकला तो उसके हाथ में एक लंबा पेपर बैग मौजूद था जिसमें ओसवर्ल्ड का कहना था कि कर्टेन रॉड्स हैं जो वो अपने रूम में लगाने के लिए लेकर जा रहा है एसिनेट से सिर्फ आधा घंटा पहले ऑफर्ड बुक डिपॉजिटरी के सिक्स्थ फ्लोर पर अपने कुछ कलीग्स के साथ मौजूद था उस वक्त दिन के 12:00 बज रहे थे और यह लंच टाइम था सारे लंच करने के लिए फर्स्ट फ्लोर पर चले गए लेकिन ओसवर्ल्ड सिक्सथ फ्लोर प ही अकेला मौजूद था प्रेसिडेंट का मोटर केट देखने के लिए डिपॉजिटरी के बाहर काफी लोगों
का मजमा लग चुका था डिपॉजिटरी के चंद एंप्लॉयज भी फिफ्थ फ्लोर की खिड़कियों से यह मंजर देखने में मसरूफ थे ठीक 12:30 मिटों पे प्रेसिडेंट का मोटर केड आता है जिसमें प्रेसिडेंट गाड़ी की राइट साइड पे और फर्स्ट लेडी उनके लेफ्ट साइड पर बैठी होती है आगे गवर्नर और उनकी बीवी मौजूद थी जैसे ही प्रेसिडेंशियल लिमोजिन बुक डिपॉजिटरी से लेफ्ट टर्न लेती है तो पूरा एरिया पहले फायर की आवाज से गूंज उठता है इत्तेफाक से उस वक्त एक रिपोर्टर यह सारा मंजर अपने कैमरे में रिकॉर्ड कर रहा था कुछ लोगों का कहना था कि दो
फायर किए गए थे लेकिन कुछ को तीन की भी आवाज सुनाई दी पर एक गोली प्रेसिडेंट की गर्दन में लगी और दूसरी उनके सर पर लिमोजीन का ड्राइवर बिना वेट किए गाड़ी को लोकेशन से भगाता हुआ ले जाता है लेकिन प्रेसिडेंट जॉन एफ केनेडी की मौत शायद उसी वक्त हो गई थी किसी ने उसका होलिया ब्लैक तो किसी ने वाइट बताया लेकिन मोटर केड के एक पुलिस ऑफिसर ने पहले फायर के फॉरन बाद सिक्सथ फ्लोर पर एक शख्स को फायर करते देखा था तो बिना टाइम जाया किए वह बिल्डिंग के अंदर घुस गए वो सिक्सथ
फ्लोर तक गए लेकिन वहां कोई मौजूद नहीं था चंद मिनटों के अंदर-अंदर पूरी बिल्डिंग को पुलिस और एफबीआई की जानिब से सील कर दिया गया और अंदर मौजूद तमाम एंप्लॉयज को अब बाहर जाने से रोक दिया गया लेकिन इन तमाम एंप्लॉयज में एक शख्स मिसिंग था और वो कोई और नहीं बल्कि ली ओवल्ट था ली ओसवर्ल्ड शायद यह कार्रवाई करने के बाद फौरन बुक डिपॉजिटरी से निकल चुका था वह पहले अपने रूम पर गया वहां कपड़े बदले और अपना पिस्टल लेकर फौरन बाहर निकला पुलिस जो अब ऑलरेडी उसको तलाश कर रही थी उन्होंने पूरे शहर
की पेट्रोलिंग को वायरलेस कर दिया था पेट्रोलिंग प मौजूद एक ऑफिसर ने ओसवर्ल्ड को देख लिया लेकिन इससे पहले वोह कुछ करता ओवल्ट ने पुलिस ऑफिसर पर चार फायर किए और मौके पर ही उसको मार दिया ओसवर्ल्ड अब करीबी मूवी थिएटर में जाकर छुप चुका था जल्द ही पुलिस ने उसको ढूंढ लिया और उसको अरेस्ट करके पुलिस हेड क्वार्टर्स ले गए अगले दो दिनों तक पुलिस एफबीआई और सीआईए ने उसको खूब इंटेरोगेटर गन की रिकॉर्डिंग नहीं की गई बंद कमरे में जो कुछ हुआ उसका किसी के पास कोई सबूत नहीं है 24 नवंबर को उसे
जब पुलिस हेड क्वार्टर से जेल ट्रांसफर किया जा रहा था तब भ मीडिया और पुलिस के सामने एक शख्स ने उसको गोली मार दी जिस हॉस्पिटल में जॉन एफ केनेडी को लेकर गए थे उसी हॉस्पिटल में ली ऑस्व ने भी दम तोड़ दिया यह वह कहानी थी जो ऑफिशियल डिस्क्लोज की गई लेकिन कई गवाहों का कहना था कि यह वह शख्स ही नहीं था जिसको उन्होंने सिक्स्थ फ्लोर की विंडो प देखा था गोली लगने से पहले ली ओसवर्ल्ड मीडिया के सामने यही बोलता रहा कि मैं बेकसूर हूं नोब द ट मी यट द फर्स्ट थिंग
आई हर्ड अबा वाज वन द न्यूज़पेपर रिपोर्ट इन द हॉल अ एस्क्ड मी दैट क्वेश्चन इस सारी कहानी को एनालाइज किया जाए तो पुलिस के मुताबिक ली ओसवर्ल्ड ने बड़ी चालाकी और प्लानिंग से पहले बुक डिपॉजिटरी में जॉब पाई और अकेले ही एफबीआई सीआईए और पुलिस की इंटेलिजेंस से छुपकर यह सारी प्लानिंग की लेकिन लोगों का कहना है कि अगर ऑफर्ड ने इतनी परफेक्ट प्लानिंग अकेले की थी तो फिर एंड में उसने इतनी ज्यादा गलतियां कैसे की जैसा कि बिल्डिंग से भाग जाना पुलिस ऑफिसर को मारकर अपने ऊपर मजीद शक पैदा करना या फिर किसी
मूवी थिएटर में छुप जाना प्रेसिडेंट जॉन एफ केनेडी की एसासिनेशन के बाद कई इन्वेस्टिगेशन रिपोर्ट्स पब्लिश की गई लेकिन हर रिपोर्ट मामले को ज्यादा कंफ्यूज कर रही थी ओवल्ट के मरने के बाद यह थ्योरी भी सामने आई कि शायद उसको उन्हीं लोगों ने मरवाया है जिन्होंने असल में यह सारी प्लानिंग की थी क्योंकि अगर यह कोई साजिश भी थी तो फिर भी यह काम बगैर इंसाइडर्स के करना पॉसिबल ही नहीं था कई लोगों का मानना है कि एफबीआई और सीआईए भी इस साजिश में शामिल थी क्योंकि ली ओसवर्ल्ड असल में फॉर्मर यूएस मरीन था और
उस पर पहले से एफबीआई ने नजर रखी हुई थी लेकिन फिर भी उन्होंने यह बात प्रेसिडेंट के सीक्रेट सर्विस से छुपाई जब वह मोटर केट का रूट डिसाइड कर रहे थे इन्वेस्टिगेशन के दौरान कई सबूतों को भी मिटा दिया गया जैसा कि सिक्सथ फ्लोर से मिलने वाली तीन बुलेट के शेल्स को बगैर तस्वीर खींचे पहले हटा दिया गया और फिर दोबारा से बुलेट्स को रखकर यह तस्वीर खींची गई थी जहां से फायर हुए थे उसकी इनिशियल वीडियोस पुलिस ने बनाई थी लेकिन वो भी कहीं गायब हो गई पर शूटर का एक सबूत रिकॉर्ड जरूर किया
गया था जिससे यह मिस्ट्री कभी मिस्ट्री ना रहती शूटिंग के दौरान तकरीबन तमाम फोटोज और वीडियोस में स्काफ पहनी इस लड़की को देखा गया था जिसके हाथ में कैमरा था और उसने प्रेसिडेंट की एसिनेट की तमाम फोटोस कैप्चर की थी इसने जो स्काफ पहना है इसको बबुष्का कहते हैं और इसी पर इसका नाम बबुष्का लेडी रख दिया गया कई लोगों की थ्योरी है कि बबुष्का लेडी भी इस पूरे प्लान का हिस्सा थी जिसका काम इस सीन को रिकॉर्ड करने का था लेकिन आज तक एफबीआई इस लड़की को कभी नहीं ढूंढ पाई उम्मीद है जम टीवी
की यह वीडियो भी आप लोग भरपूर लाइक और शेयर करेंगे आप लोगों के प्यार भरे कमेंट्स का बेहद शुक्रिया मिलते हैं अगली शानदार वीडियो में