तो परमानेंट सक्सेस के लिए तुम्हें यह डिक्लेअ करना पड़ेगा दैट यू विल ऑलवेज बी ग्रेटफुल। कृतज्ञ रहो। कृतज्ञ रहो। अकड़ो मत। पुरानी पैसों पर नया डील मत बात करो। बहुत सारे लोग बहुत सारे लोग थोड़ा सा अचीवमेंट करते हैं तो फिर अपना नेगोशिएशन चालू करते हैं नया तरीके से। यह बिल्कुल गलत बात है। डिक्लेअर दैट यू विल ऑलवेज बी ग्रेटफुल कास्टेंटली कीप कंट्रीब्यूटिंग एंड परफॉर्मिंग। यह बहुत ही जरूरी है माय डियर फ्रेंड्स। फार्मूला नंबर थ्री बिकम अ लेवल फाइव लीडर। आपको बनना है लेवल फाइव का लीडर। यह पीरियड में माय लाइफ स्टाइल मार्केटिंग में लेवल
फाइव की लीडरों की बहुत जरूरत है। लेवल फाइव की लीडरों की बहुत जरूरत है। अगर तुम्हें उठना है यह पीरियड में तो तुम सबको लेवल फाइव का लीडर बनना पड़ेगा। तो इसका मतलब क्या है? पांच लेवल के लीडर्स होते हैं। पांच लेवल के लीडर्स होते हैं। सबसे पहला लेवल को बोलते हैं कंपल्शन और डेजिग्नेशन। यह मैं बताऊंगा। इसका मतलब क्या है? सबसे पहला को बोलते हैं कंपल्शन और डेजिग्नेशन। सबसे दूसरा एफिनिटी और इंस्पिरेशन। बहुत ही अच्छी तरीके से मैं समझाऊंगा दो मिनट में तुम्हें। लेवल थ्री इज इलस्ट्रेशन और एग्जांपल लेवल फोर इंपैक्ट और मल्टीप्लिकेशन और
लेवल फाइव सरेंडर और रोल मॉडल। तुम्हें लेवल फाइव पर पहुंचना है। आज ये कंपनी को अगर परमानेंट सक्सेस चाहिए। तुम्हें अगर परमानेंट सक्सेस चाहिए। तुम्हारे डाउनलाइन का परमानेंट अगर सक्सेस होना चाहिए तो तुम्हें सब लोगों को लेवल फाइव लीडर बनना पड़ेगा। सबसे पहला लीडर किस तरह के लीडर होते हैं? इसको बोलते हैं कंपल्शन और डेजिग्नेशन। कंपल्शन। कंपल्शन यानी जबरदस्ती। अभी क्या है? मैं तेरा अपलाइन हूं। तो तेरे को जबरदस्ती मेरे को फॉलो करना पड़ेगा। क्योंकि मेरे पास डेजिग्नेशन है। दूसरा पॉइंट देखिए। मेरे पास डेजिग्नेशन है। मैं तेरा अपलाइन हूं। तू है सिल्वर, मैं है गोल्ड,
मैं हूं तेरे ऊपर। तेरे को झक मार के मेरे को फॉलो करना पड़ेगा। इसलिए नहीं क्योंकि तू फॉलो करना चाहता है। इसलिए क्योंकि तेरी मजबूरी है कि तेरे को फॉलो करना पड़ेगा। क्योंकि मैं तेरा अपलाइन हूं। इसको बोलते हैं लेवल वन लीडर। लेवल वन लीडर में पीपल फॉलो बिकॉज़ दे हैव टू। मतलब अगर नायर साहब आपके लीडर है तो आप जबरदस्ती फॉलो कर रहे हैं। नायर साहब से आपको कोई मोहब्बत नहीं है। नायर साहब क्या है आप जानते हैं। नायर साहब में ताकत नहीं है। आप जानते हैं। नायर साहब में एबिलिटी नहीं है। लेकिन अनफॉर्चूनेटली
बदनसीबी में वो नायर साहब तेरा अपलाइन है। तो तेरे को जबरदस्ती नायर साहब को फॉलो करना पड़ेगा। यह है लेवल वन लीडर। आज हमारे बीच में ऐसे बहुत आइटम घूम रहे हैं। लेवल वन के बहुत लीडर घूम रहे हैं। जब वो मीटिंग बुलाता है तो कोई कुछ आता नहीं है। जब वह बोलता है इधर आ। 500 जन को तो 600 जन उधर जाते क्योंकि इसका लोगों पे कोई ग्रिप नहीं रहता है। लोग इसको फॉलो नहीं कर रहे हैं। लोगों की मजबूरी है कि ये उसका अपलाइन है या लीडर है। तो पीपल फॉलो बिकॉज़ दे हैव
टू। लेकिन हम सब लोग यहीं से चालू करते हैं। अगर मैं आपका अपलाइन होता तो मैं ऐसा आदमी होता। मेरे में कोई क्वालिटी नहीं है। मैं तो टीचर था। मैं तो इधर जॉइ कर लिया। मेरे को दत्ता ने एनरोल कर दिया। और दत्ता ने मेरे को पकड़ के एनरोल किया तो मैं बन गया नेटवर्कर और मैं आ गया डिस्ट्रीब्यूटर या सिल्वर पे मैं बैठा हूं और मैंने लाया तुम पांच जन को या 500 जन को। अभी मेरे में तो कोई क्वालिटी है नहीं। मेरे में तो कोई हुनर है नहीं। मेरे में तो कोई टैलेंट है
नहीं। मैं तो साधारण सा आदमी हूं। मैं तो साधारण सा टीचर हूं। पिछले 20 साल से मैं ज्योग्राफी पढ़ाता था। चौथी कक्षा को लोगों को कैसे जिंदगी बनाना ये तो मेरे को मालूम ही नहीं है। लोगों को कैसे पैसा बनाने का मालूम नहीं। मेरे बाप ने भी कभी पैसा बनाया नहीं था। मेरे को खुद को नहीं मालूम कि पैसे कैसे कमाने का और मेरे को नहीं मालूम कि दूसरे को कैसा पैसा कमाने को रास्ता दिखाने का। मेरे में ना हुनर है, ना कौशल्य है, ना स्किल है, ना आदतें हैं, ना एटीट्यूड है। मेरे में कोई
कैपेसिटी नहीं है। मैं कौन सा लेवल का लीडर? लेवल जोर से बोलिए लेवल वन। लेवल वन। तो आप मेरे को क्यों फॉलो कर रहे हैं? क्यों फॉलो कर रहे हैं? क्योंकि आपको फॉलो करना पड़ता है। पड़ता है। हो सकता है कि आपका कोई तो पेपर पे मैं साइन करने वाला हूं। तो मेरी सिग्नेचर की कीमत है। वैसे मेरी तो आठने की कीमत नहीं है। लेकिन मेरी अपलाइन होने की वजह से तुम्हें झक मार के मेरे को फॉलो करना पड़ता है। इसको लेवल वन लीडर बोलते हैं। आज हमारे कंपनी में लेवल वन लीडरों की जरूरत नहीं
है। लेवल टू कौन होता है? लेवल टू लीडर वो होता है जो लेवल वन से उठ चुका है। यह वो लीडर है यह वो लीडर है एफिनिटी जिस जो बहुत इंस्पायर करता है। जो इंस्पायर करता है। पॉइंट नंबर टू को देखिए। वह बहुत आपको इंस्पायर करता है। वो मोटिवेट करता है। वो आपको रास्ता दिखाता है। और अभी आप उसको फॉलो कर रहे हैं क्योंकि आपको फॉलो करने की इच्छा है। यू फॉलो हिम बिकॉज़ यू वांट टू। आप फॉलो करना चाहते हैं क्योंकि उसने आपके साथ रिश्ता बनाया। उसने आपको मोहब्बत से बात की। उसने आपको रास्ता
दिखाया। उसने आपको यह मार्केट में लाया। उसने आपको कैसे मीटिंग लेने का यह सिखाया। तो वो पहुंच गया लेवल टू के लेवल पे और आप लोग उसको फॉलो कर रहे हैं क्योंकि आप फॉलो करना चाहते हैं। पहले वाले को क्यों फॉलो कर पहला वाला नायर को आप क्यों फॉलो कर रहे हैं? क्योंकि आपको फॉलो करना। वो जोर से बोलिए फॉलो करना दूसरे वाले को आप फॉलो इसलिए कर रहे हैं क्योंकि आपको फॉलो करने की चाहत है तो कौन बेटर है लेवल टू कि लेवल वन लेवल टू लेवल टू लेवल टू अब कोई आदमी को तुम
ये तो नहीं बोल सकते तू मेरे को फॉलो कर फॉलो कर फॉलो कर फॉलो कर फॉलो कर बोलने से फॉलो होने वाला नहीं है मुझ में ऐसी क्वालिटी होनी चाहिए जिसे देख के तू डाइमलाइन मैं अपलाइन मेरी क्वालिटी को देख के तुझ में फॉलो करने की चाहत पैदा होना चाहिए। यह होता है लेवल टू। अभी अब अगर अब अगर तुम्हें और भी बड़ा लीडर बनना है और भी जबरदस्त लोग तुम्हारे को सलाम ठोकना चाहिए तो तुम्हें लेवल थ्री पे जाना पड़ेगा और तुम्हें बनना पड़ेगा एक एग्जांपल। तुम्हें बनना पड़ेगा एक एग्जांपल। तुम्हें बनना पड़ेगा एक
एग्जांपल। इलस्ट्रेशन इसका मतलब क्या है? लोग फॉलो करेंगे। पीपल फॉलो बिकॉज ऑफ व्हाट यू हैव डन फॉर दी ऑर्गेनाइजेशन। तूने माय लाइफस्ट मार्केटिंग के लिए बहुत काम किया। तूने माय लाइफस्ट मार्केटिंग में हजारों लोगों को लाया। तूने माय लाइफ स्टाइल मार्केटिंग में बहुत लोगों को काम दिलाया और पीपल अब फॉलो कर रहे हैं क्योंकि यहां पर तू लगातार ऊपर चढ़ता जा रहा है तू यहां पर बन गया सिल्वर था तू सिल्वर से पर्ल बना पर्ल से एमरल बना एमर से तू गोल्ड बना गोल्ड से तू यू नो प्लैटिनम की तरफ चला गया प्लैटिनम से तू
रॉयल डायमंड क्राउन डायमंड क्राउन एंबेसडर बना तू लगातार आगे बढ़ रहा है तू इतना अचीवमेंट कर रहा है इतना अचीवमेंट कर रहा है। तू इतना अचीवमेंट किया। तूने कंपनी के लिए बहुत काम किया। बहुत काम किया। तूने कंपनी के फॉर्म में बात किया। तूने कंपनी के हित में बात किया। तू कंपनी के लिए जान देता है। तू कंपनी की अच्छा सोचता है। तू कंपनी का परमानेंट खिलाड़ी है। तू लंबे टाइम से है। तू लंबे टाइम तक रहने की वादा करता है। तेरे को देख के लोगों को कुछ करने की भावना पैदा होता है। इसीलिए तू
बन गया है लेवल थ्री। अब ये होता है लेवल थ्री लीडर्स। लेवल थ्री। पहले वाले में क्या है? लोग फॉलो करते हैं क्योंकि लोगों को फॉलो करना पड़ता है। दूसरे में लोग फॉलो करते हैं क्योंकि लोगों को फॉलो करने की चाहत है। तीसरे में लोग फॉलो करते हैं क्योंकि तूने कंपनी के लिए बहुत बहुत काम किया। जैसे हमको यूरेका फोब्स में हम इंडिया के नंबर वन सेल्समैन थे। नंबर वन ग्रुप लीडर थे। नंबर वन सुपरवाइजर, नंबर वन ब्रांच मैनेजर, नंबर वन डिवीजनल सेल्स मैनेजर, नंबर वन सीनियर डिवीजनल सेल्स मैनेजर, नंबर वन एरिया सेल्स मैनेजर, नंबर
वन रीजनल सेल्स मैनेजर। पहला बार एज ए ब्रांच मैनेजर किसी ने 200 सेल एज अ ब्रांच हमने किया। पहला बार इंडिया में 140 ब्रांच में 300 सेल एक ब्रांच हमने किया। पहली बार 400 सेल एक ब्रांच हमने किया ऐसे ब्रांचमैन है। पहली बार यूरेकाफ्स में 500 सेल हमने किया ऐसे ब्रांच में। पहली बार इतना हमने कंपनी के लिए इतना काम किया। इतना मेहनत किया। हमने इतना काम किया कि हम बन गए लेवल थ्री। लोग इसलिए फॉलो कर रहे हैं क्योंकि हमने कंपनी के लिए बहुत किया। पहले वाले में देखिए पहले में अगर मैं आपका अपलाइन
हूं आप मेरे को फॉलो कर रहे हैं क्योंकि आपको फॉलो करना पड़ता है। दूसरे में आप मेरे को फॉलो कर रहे हैं क्योंकि आप फॉलो करना चाहते हैं और तीसरे में आप मेरे को फॉलो करते हैं क्योंकि मैंने कंपनी के लिए बहुत कुछ किया। अब आते हैं लेवल फोर पे। लेवल फोर लीडर कौन होता है? लेवल फोर लीडर होता है जिसने जिसने संतोष नायर जैसे 20 और को खड़ा किया। अब मैं तो एकदम सुपर सुपर टॉप में बैठा हूं। मैं तो एकदम सुपर सुपर टॉप में बैठा हूं। नंबर वन खिलाड़ी हूं। मैं नंबर वन खिलाड़ी
हूं। तो चौथा लेवल को बोलते हैं मल्टीप्लिकेशन। लाउडली बोलिए। चौथे को क्या बोलते हैं? मल्टीप्लिकेशन। मैंने मेरे जैसे 36 बाप लोग बनाए। मैंने मेरे जैसे जैसे मैं ट्रिपल क्राउन डायमंड मैंने 300 ट्रिपल क्राउन डायमंड बनाए। मतलब मैंने मल्टीप्लिकेशन किया। ये कौन से लेवल पे आ गए आप? लेवल फोर लीडर। लेवल फोर लीडर देखिए पीपल फॉलो बिकॉज व्हाट यू हैव डन फॉर देम आपने दुनिया के लिए क्या किया आपने जो अचीव किया आपसे बेहतर आपने लोगों को बनाया आपने अपने आप से भी लोगों को बेहतर बनाया क्योंकि आप लेवल फोर लीडर है। आप खुद डबल डायमंड
है या आप खुद क्राउन डायमंड है। आपने 40 क्राउन डायमंड बना दिए। आप खुद आप खुद प्लैटिनम है। आपने 30 जन को प्लैटिनम बनाया। 40 जन को, 50 जन को, 100 जन को प्लैटिनम बनाया। तो सबसे पहला लीडर अगर मैं आपका लेवल वन लीडर होता, लेवल वन अपलाइन होता, आप मेरे को फॉलो कर रहे हैं क्योंकि आपको फॉलो करना पड़ता है। दूसरा जब मैं और बढ़िया हो गया। लेवल टू पे आप मेरे को फॉलो करते हैं क्योंकि आप फॉलो करना चाहते हैं। तीसरे में आप फॉलो इसलिए करते हैं क्योंकि मैंने कंपनी के लिए बहुत कुछ
किया। और चौथे में मैं आप मेरे को फॉलो करते हैं क्योंकि मैंने मेरे जैसे 36 को बनाया। मैंने मेरे जैसे 36 को बनाया। और पांचवा लीडर यह है। लेवल फाइव लीडर बोलते हैं उसको। रोल मॉडल बोलते हैं। रोल मॉडल लीडर वो होता है जिसकी जिंदगी की चर्चा उसके मरने के 100 साल भी बाद होती है। रोल मॉडल लीडर वो होते हैं जिनका जीवन जिनका जीवन को कॉपी किया जाता है। जिनमें इतनी क्वालिटियां होती है कि दुनिया में हर आदमी बोलता है कि मुझे इसके माफत बनना है। रोल मॉडल का मतलब है कि पीपल फॉलो बिकॉज
ऑफ व्हाट यू आर एंड व्हाट यू रिप्रेजेंट। मोहब्बत की तू मूर्ति है। हिम्मत का तू बादशाह है। सोच तेरी बड़ी है। कमिटमेंट तेरा ऊंचा है। चैलेंजेस तू जिंदगी भर लिया। घबराया कभी नहीं। रिस्क लिया। रोया कभी नहीं। मोहब्बत की बातें किया। लोगों को देने में बिलीव किया। लोगों को बनाने में बिलीव किया। जिंदगी भर तूने सच बोला। तू हमेशा टाइम पे आया। तू हमेशा जवान रहा। तू पढ़ने की मूर्ति है। तेरे पास सब चीजों की सॉल्यूशन है। तू चैलेंजेस लगातार ले रहा है। तेरी जिंदगी इतनी महान है कि दुनिया तेरे जैसा बनना चाहता है। तूने
इतना बढ़िया-बढ़िया काम किया है। तेरी लाइफ लोग जब एग्जांपल देता बेटा बड़ा होके तू गांधी की मफत बनना। अब तेरे बाप ने गांधी को थोड़ी ना मिला है या बेटा ने भी गांधी को नहीं मिला लेकिन लोग उसका नाम लेते हैं। उसके मरने के बाद भी लोग बोलते हैं तुझे यू नो नारायण मूर्ति के माफत बनना चाहिए। तुझे रतन टाटा के माफत बनना चाहिए। क्योंकि रतन टाटा की पूरी जिंदगी जो है उसने झूठ कभी नहीं बोला। मतलब आपका जो जिंदगी है वो कॉपी करने लायक है। आपने ऐसी ऐसी अच्छी अच्छी काम की। तो कहने का
मतलब है माय डियर फ्रेंड्स अगर माय लाइफ स्टाइल मार्केटिंग को अगर वापस बहुत जोरों शोरों से काम अगर करना है तो उसे लेवल फाइव लीडरों की जरूरत है या मैक्सिमम लेवल फोर लीडरों की जरूरत है तो मैं हूं लेवल फाइव लीडर और मैं हूं लेवल फाइव लीडर क्योंकि मैं हूं रोल मॉडल तो पहले वाले में जल्दी से आप फिर रिपीट करेंगे पहला वाला संतोष नायर जो लीडर है उसको आप फॉलो क्यों कर रहे हैं? क्योंकि फॉलो करना पड़ेगा। पड़ेगा। जबरदस्ती है भाई क्योंकि मैं तुम्हारा बॉस हूं। मैं तुम्हारा अपलाइन हूं। वैसे मैं काम का कुछ
खिलाड़ी हूं नहीं लेकिन तुम्हें मेरे को फॉलो करना। दूसरा वाले में आप मेरे को फॉलो इसलिए कर रहे हैं क्योंकि आप फॉलो करना चाहते हैं। और तीसरे में आप फॉलो इसलिए करते हैं क्योंकि मैंने कंपनी के लिए बहुत कुछ किया। इसलिए आप मेरे को फॉलो करते हैं। चौथे में आप मेरे को फॉलो करते हैं क्योंकि मैंने मेरे जैसे बहुत लोगों को मल्टीप्लिकेशन किया, डुप्लीकेशन किया और पांचवें में आप मेरे को फॉलो इसलिए कर रहे हैं क्योंकि आप रोल मॉडल हो। मैं मतलब मेरी जीवन की एक-एक बातें कॉपी करने लायक है। मैं झूठ नहीं बोलता हूं।
दुनिया को झूठ ना बोलने के लिए मैं रोल मॉडल मैं चैलेंज लेता हूं तो रोल मॉडल मैं चैलेंज लेने वाला मैं कभी भी टाइम पर आता हूं मैं हमेशा आगे बढ़ता हूं मैं लगातार गोल अचीव करता हूं मैं लगातार आगे बढ़ता हूं ये सभी चीजें जो है ये सभी चीजें बहुत ही इंपॉर्टेंट बात है। तो अगर माय लाइफ स्टाइल माय लाइफ स्टाइल मार्केटिंग कंपनी को आगे अगर बढ़नी है तो लेवल फोर नहीं तो लेवल फाइव ये चार और पांच बहुत जरूरी है। तो आप में से कितने लोग चार और पांच में आने वाले तीन साल
में जाना चाहेंगे? तो जोरदार ताली अपने आप के लिए बजाइए। क्योंकि मेरा हमेशा मानना है माय डियर फ्रेंड्स कि पीपल डोंट केयर हाउ मच यू नो अंटिल दे नो हाउ मच यू केयर। लोगों को पढ़ी नहीं है कि तुझे कितना मालूम है। तुझे कितना मालूम है। लोगों को पड़ी। नायर साहब को कितना मालूम है। पीपल डोंट केयर। लोगों को पड़ी नहीं है कि नायर साहब को कितना मालूम है। लेकिन लोग मेरे से मोहब्बत करेंगे अंटिल दे नो हाउ मच यू केयर। मुझे कितना मालूम है इससे तुमको कोई फर्क नहीं पड़ता। लेकिन तुम्हारे लिए मेरी मोहब्बत
बढ़ेगी। जब तुम्हें मालूम है कि मैं तुम पे मोहब्बत करता हूं और तुम्हारी लाइफ को मैं बनाना चाहता हूं। हमेशा हमेशा लीडर लोगों को हमेशा लीडर लोगों को डाउनलाइन से मोहब्बत करना चाहिए। हमेशा लीडर लोगों को डाउनलाइन को रास्ता दिखाना चाहिए। हमेशा लीडर लोगों को आगे बढ़ते रहना चाहिए। इट इज वंडरफुल व्हेन पीपल बिलीव इन द लीडर। हां, जब आप मैं अगर आपका लीडर हूं तो बहुत बढ़िया है कि आप मेरे पर विश्वास करते हैं। लेकिन उससे भी बढ़िया बात होगा जब मैं आप पर विश्वास करूं। आप मेरे पर विश्वास करते हैं। ये तो बढ़िया
बात है कि आप मेरे को खड़ा करते हैं। आप मेरे को मान देते हैं। आप मेरे को सम्मान देते हैं। मैं आपका अपलाइन हूं। ये तो बढ़िया बात है। लेकिन जो दिन मैं आपको मान दूं, मैं आपको सम्मान दूं, मैं आपको मोहब्बत करूं, इट इज इवन मोर वंडरफुल व्हेन द लीडर बिलीव्स इन द पीपल। कई बार हमने देखा है मल्टी लेवल में कि जो टॉप के जो लीडर्स है जैसे तुम है लीडर है समझो तुम गोल्ड हो या तुम प्लैटिनम हो या डायमंड हो तुमको खुद कोई भरोसा नहीं है लोगों पे तुमको खुद कोई भरोसा
नहीं है कि लोग अच्छा करेंगे तुम्हें खुद कोई भरोसा नहीं है कि लोग चैलेंजेस लेंगे जब तुमको भरोसा जब नहीं होता तो लोगों को तुम पर भरोसा नहीं होता एंड देयर फॉर आज एक स्पेशल सिचुएशन से कंपनी गुजर रही है तुम्हारी हमारी और इस सिचुएशन में तुम्हें यह सब नहीं सोचना है कि क्या हो रहा है या क्या नहीं हो रहा है। तुम्हें यही चीज करना है कि मुझे अपना कंट्रीब्यूशन को लगातार बढ़ाना है। यू नो व्हाट यू नीड टू डू इज टू टेक केयर ऑफ योर पीपल। आपके साथ जो जुड़े हुए हैं जिन्होंने विश्वास
से आप जुड़ा। अभी समझो यहां बैठा हुआ 300 आदमी मेरे बोलने की वजह से आप मेरे साथ जुड़े। मेरे को आप पर भरोसा होना चाहिए। आप अपना ऑटो रिक्शा छोड़ के, आप अपना स्कूल का पढ़ाई छोड़ के, आप हाउस वाइफ थे। आप वो सब छोड़ के मेरे बोलने पर आप मेरे साथ आए तो मुझे आपका देखभाल करना चाहिए। मुझे बहुत ही मोहब्बत के साथ, आपके साथ हिम्मत के साथ पेश आना चाहिए। व्हाट यू नीड टू डू इज टू टेक केयर ऑफ योर पीपल। व्हाट यू नीड टू डू इज टू टेक केयर ऑफ योर पीपल। लेकिन
अगर यह सिचुएशन में आपने लोगों को छोड़ के इधर-उधर की बातों में लग गए तो लोगों को आप पे से भरोसा उठ जाएगा। द मोमेंट पीपल अंडर यू नो दैट यू केयर फॉर देम इट चेंजेस द फीलिंग अबाउट यू। जैसे ही लोगों को पता चलता है कि आप उनके बारे में सोचते हैं। आप उनके बारे में आप उनको रक्षा करना चाहते हैं। आप उनको केयर करना चाहते हैं। जैसे लोगों को यह बात मालूम पड़ती है। लोगों का काम करने का तरीका बदल जाएगा। कंप्लीटली लोगों का काम करने का तरीका बदल जाएगा। आज से करीबन 25
साल पहले एक लीडर की तकलीफ क्या है? एक लीडर कैसा होता है? यह मैंने बहुत बड़े एक लीडरशिप गुरु से मैंने सीखा। उसने कहा एक लीडर 10 पैराडॉक्सिकल कमांडमेंट्स ऑफ लीडरशिप बोलते हैं। 10 पैराडॉक्सिकल कमांडमेंट्स ऑफ लीडरशिप इसको बोलते हैं। कहते हैं एक लीडर बनना बड़ा मुश्किल काम है भाई। एक लेवल फोर या लेवल फाइव का लीडर बनना बहुत मुश्किल है। क्योंकि लेवल फोर और लेवल फाइव का लीडर बनना यानी बहुत तकलीफ लेना। बहुत जुनून के साथ काम करना। बहुत ही डिटरमिनेशन, डेडिकेशन, सिंसियरिटी, ऑनेस्टी, कमिटमेंट, जुनून, जोश, पागलपन के साथ काम करना। एक लेवल फाइव
लीडर बनना यानी कि बहुत मोहब्बत से लोगों को बनाना। एक लीडर बनना, एक लेवल फाइव लीडर बनना यानी अटूट विश्वास लोगों पे होना। एक लेवल फाइव लीडर बनना यानी कंपनी पर अटूट विश्वास होना और लेवल फाइव लीडर की दुविधाएं क्या है मैं अभी आपको बताता हूं।